प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि पिछले एक दशक में भारत की सोलर एनर्जी कैपेसिटी 32 गुना बढ़ी है। इससे भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा सोलर एनर्जी प्रोड्यूसर बन गया है। पीएम ने आज यानी, 11 फरवरी को ‘इंडिया एनर्जी वीक 2025’ की शुरुआत की। पीएम ने कहा, भारत अपनी ही नहीं, दुनिया की ग्रोथ को भी ड्राइव कर रहा है और इसमें हमारे एनर्जी सेक्टर की बहुत बड़ी भूमिका है। हम अभी 19% इथेनॉल की ब्लेंडिंग कर रहे हैं। इससे फॉरेन करेंसी की बचत, CO2 एमिशन में कमी और किसानों को डायरेक्ट फायदा हो रहा है। इंडिया एनर्जी वीक 2025 में पीएम मोदी की 5 बड़ी बातें… 700 से ज्यादा कंपनियां और 6,000 से ज्यादा प्रतिनिधी हो रहे शामिल ‘भारत एनर्जी वीक एग्जीबिशन’ ग्लोबल स्तर पर एनर्जी सेक्टर से जुड़े लोगों के लिए नया सेंटर बन गया है। यहां लाखों डॉलर का कारोबार होता है। एनर्जी सेक्टर में काम करने वाले 120 देशों के प्रोड्यूसर्स यहां अपने प्रोडक्ट और कॉन्सेप्ट शोकेस करते हैं, पार्टनरशिप करते हैं और इस सेक्टर के भविष्य और ग्रोथ पर चर्चा करते हैं। यहां दुनियाभर से 70,000 एनर्जी प्रोफेशनल, 700 से ज्यादा कंपनियां, 120 से ज्यादा देश, 6,000 से ज्यादा प्रतिनिधी, 500 से ज्यादा स्पीकर्स शामिल हो रहे हैं। इसमें 95 से ज्यादा कॉन्फ्रेंस सेशन होंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि पिछले एक दशक में भारत की सोलर एनर्जी कैपेसिटी 32 गुना बढ़ी है। इससे भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा सोलर एनर्जी प्रोड्यूसर बन गया है। पीएम ने आज यानी, 11 फरवरी को ‘इंडिया एनर्जी वीक 2025’ की शुरुआत की। पीएम ने कहा, भारत अपनी ही नहीं, दुनिया की ग्रोथ को भी ड्राइव कर रहा है और इसमें हमारे एनर्जी सेक्टर की बहुत बड़ी भूमिका है। हम अभी 19% इथेनॉल की ब्लेंडिंग कर रहे हैं। इससे फॉरेन करेंसी की बचत, CO2 एमिशन में कमी और किसानों को डायरेक्ट फायदा हो रहा है। इंडिया एनर्जी वीक 2025 में पीएम मोदी की 5 बड़ी बातें… 700 से ज्यादा कंपनियां और 6,000 से ज्यादा प्रतिनिधी हो रहे शामिल ‘भारत एनर्जी वीक एग्जीबिशन’ ग्लोबल स्तर पर एनर्जी सेक्टर से जुड़े लोगों के लिए नया सेंटर बन गया है। यहां लाखों डॉलर का कारोबार होता है। एनर्जी सेक्टर में काम करने वाले 120 देशों के प्रोड्यूसर्स यहां अपने प्रोडक्ट और कॉन्सेप्ट शोकेस करते हैं, पार्टनरशिप करते हैं और इस सेक्टर के भविष्य और ग्रोथ पर चर्चा करते हैं। यहां दुनियाभर से 70,000 एनर्जी प्रोफेशनल, 700 से ज्यादा कंपनियां, 120 से ज्यादा देश, 6,000 से ज्यादा प्रतिनिधी, 500 से ज्यादा स्पीकर्स शामिल हो रहे हैं। इसमें 95 से ज्यादा कॉन्फ्रेंस सेशन होंगे।