भोपाल के पिपलानी थाना क्षेत्र में DSP के साले की मौत का मामला सामने आया है। आरोप है कि देर रात पार्टी के दौरान पुलिस ने युवक उदित की पिटाई की थी। इसका सीसीटीवी भी सामने आया है, घटना के बाद बेहोश हुए उदित को उसके दोस्तों ने एम्स अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुक्रवार को एम्स में ही शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि मौत हार्ट अटैक से नहीं हुई है। मौत का कारण मारपीट है। उदित के पेनक्रियाज में गंभीर इंज्यूरी हुई थी। जिसके कारण उसकी जान चली गई। पहले पुलिस ने यह आशंका जताई थी कि शायद उदित की मौत हार्ट अटैक से हुई है। इधर, इस मामले में दो आरक्षकों संतोष बामनिया और सौरभ आर्य को निलंबित किया गया है। पिपलानी थाने में जमकर हंगामा
उदित की मौत के मामले में परिजन ने शुक्रवार शाम को पिपलानी थाने में जमकर हंगामा और नारेबाजी की। बड़ी संख्या में आए परिजन ने पुलिस प्रशासन होश में आओ के नारे लगाए। साथ ही आरोपियों पर हत्या का केस दर्ज करने की मांग की। पूर्व मंत्री और कांग्रेस के प्रदेश संगठन प्रभारी सुखदेव पांसे भी परिजन के साथ पहुंचे और पुलिस से इस मामले में कार्रवाई की मांग की। पुलिस के मुताबिक, पिपलानी निवासी उदित पुत्र राजकुमार गायकी वीआईटी कॉलेज में बीटेक फाइनल ईयर का छात्र था। उसके पिता एमपीईबी कर्मी और मां टीचर हैं। उसके बहनोई डीएसपी हैं और फिलहाल बालाघाट में पदस्थ हैं। उदित दोस्तों के साथ सी सेक्टर इंद्रपुरी में रात करीब ढाई बजे डांस कर हो हल्ला कर रहा था। इसी दौरान पुलिस टीम ने उदित और उसके दोस्तों को पकड़कर मारपीट की और थाने ले आए। परिजन का आरोप है कि उसके साथ थाने में भी मारपीट की गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई, जिसके बाद पुलिस उसे एम्स अस्पताल ले गई। उधर, पुलिस का कहना है कि उसे थाने नहीं लाया गया था। बता दें, पहले यह जानकारी समाने आई थी कि उदित के पिता गायत्री हॉस्पिटल के डायरेक्टर हैं। फिर बताया गया कि उसके रिश्तेदार डॉ. जीआर अडलक गायत्री हॉस्पिटल के डायरेक्टर हैं। तस्वीरों में देखिए पुलिस की बर्बरता… दोस्त बोला- पुलिसकर्मियों ने 10 हजार मांगे
उदित के दोस्त अक्षत गार्गव ने बताया, हम छह लोग साथ थे – मैं, दीपेश, ईशान तिवारी, ऋषभ, आदित्य और उदित। रात करीब 11 बजे उदित का मुझे फोन आया। उसने कहा कि चलो पार्टी करते हैं। तब मैं अवधपुरी में था। उदित ने मुझे इंद्रपुरी बुलाया, तो मैं वहां पहुंच गया। हम सब लोग मिलकर पार्टी कर रहे थे। कुछ देर बाद मैं उदित को छोड़ने जा रहा था। जैसे ही मैंने कार में चाबी लगाई, एक पुलिसकर्मी आ गया। उदित घबराया और अंधेरी गली की तरफ भागा। दो पुलिसवाले उसके पीछे दौड़े और उसे पकड़ लिया। थोड़ी ही देर में वहां से मारपीट की आवाजें आने लगीं। जब हमने देखा तो उदित की शर्ट निकली हुई थी और उसके शरीर पर निशान पड़े हुए थे, खासकर सिर पर। यह घटना करीब रात डेढ़ बजे की होगी। दो दोस्त पुलिसवालों से बात करने की कोशिश कर रहे थे, मैंने उदित को कार में बिठाया। पुलिसकर्मियों ने दोस्तों से 10 हजार रुपए की मांग की। तब उदित मेरे साथ कार में था, उसने सिर्फ इतना कहा कि एसी चला दे और पानी दे दे। उसने दर्द होने की कोई बात नहीं की। रास्ते में उसने दो-तीन बार उल्टियां कीं। इसके बाद हम चौकी पहुंचे, यहां पहचान के पुलिसवाले थे। उन्हें सबकुछ बताया। तभी दीपेश ने उदित का हाथ पकड़ा तो उसका हाथ लटक गया। हमने पल्स चेक की तो नहीं मिली। तुरंत पास के अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टरों ने कहा कि केवर 1% चांस है, एम्स ले जाओ। एम्स ले गए, यहां डॉक्टरों ने कहा कि उसकी मौत हो गई है। तीन दिन पहले बेंगलुरु से भोपाल आया था
उदित ने वीआईटी आष्टा से बीटेक की पढ़ाई की थी। उदित के पिता राजकुमार गायकी, एमसीबी सूखी सेवनिया में इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं। उदित पिछले तीन महीनों से नौकरी की तलाश कर रहा था, जिसके चलते वह बेंगलुरु में रह रहा था। तीन दिन पहले ही वह भोपाल अपने कॉलेज के कुछ दस्तावेज लेने आया था। पिपलानी थाने में अतिरिक्त फोर्स तैनात
अस्पताल परिसर में तनाव की स्थिति को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पिपलानी थाने में भी अतिरिक्त फोर्स की तैनाती की गई है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। परिजन के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और मामले की जांच सीएसपी स्तर के अधिकारी कर रहे हैं। ये खबर भी पढ़ें… फूलों से स्वागत के बाद बर्खास्त SI गिरफ्तार:पारदी केस में दो साल से फरार था फूलों से स्वागत के महज 48 घंटे बाद, गुना पुलिस ने बर्खास्त सब-इंस्पेक्टर रामवीर सिंह कुशवाह को गिरफ्तार कर लिया है। आत्माराम पारदी हत्याकांड में दो साल से फरार चल रहे कुशवाह को स्पेशल 12 टीम ने धरदबोचा। इस गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम ने दो दिन तक रिहर्सल की। पढ़ें पूरी खबर…
भोपाल के पिपलानी थाना क्षेत्र में DSP के साले की मौत का मामला सामने आया है। आरोप है कि देर रात पार्टी के दौरान पुलिस ने युवक उदित की पिटाई की थी। इसका सीसीटीवी भी सामने आया है, घटना के बाद बेहोश हुए उदित को उसके दोस्तों ने एम्स अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुक्रवार को एम्स में ही शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि मौत हार्ट अटैक से नहीं हुई है। मौत का कारण मारपीट है। उदित के पेनक्रियाज में गंभीर इंज्यूरी हुई थी। जिसके कारण उसकी जान चली गई। पहले पुलिस ने यह आशंका जताई थी कि शायद उदित की मौत हार्ट अटैक से हुई है। इधर, इस मामले में दो आरक्षकों संतोष बामनिया और सौरभ आर्य को निलंबित किया गया है। पिपलानी थाने में जमकर हंगामा
उदित की मौत के मामले में परिजन ने शुक्रवार शाम को पिपलानी थाने में जमकर हंगामा और नारेबाजी की। बड़ी संख्या में आए परिजन ने पुलिस प्रशासन होश में आओ के नारे लगाए। साथ ही आरोपियों पर हत्या का केस दर्ज करने की मांग की। पूर्व मंत्री और कांग्रेस के प्रदेश संगठन प्रभारी सुखदेव पांसे भी परिजन के साथ पहुंचे और पुलिस से इस मामले में कार्रवाई की मांग की। पुलिस के मुताबिक, पिपलानी निवासी उदित पुत्र राजकुमार गायकी वीआईटी कॉलेज में बीटेक फाइनल ईयर का छात्र था। उसके पिता एमपीईबी कर्मी और मां टीचर हैं। उसके बहनोई डीएसपी हैं और फिलहाल बालाघाट में पदस्थ हैं। उदित दोस्तों के साथ सी सेक्टर इंद्रपुरी में रात करीब ढाई बजे डांस कर हो हल्ला कर रहा था। इसी दौरान पुलिस टीम ने उदित और उसके दोस्तों को पकड़कर मारपीट की और थाने ले आए। परिजन का आरोप है कि उसके साथ थाने में भी मारपीट की गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई, जिसके बाद पुलिस उसे एम्स अस्पताल ले गई। उधर, पुलिस का कहना है कि उसे थाने नहीं लाया गया था। बता दें, पहले यह जानकारी समाने आई थी कि उदित के पिता गायत्री हॉस्पिटल के डायरेक्टर हैं। फिर बताया गया कि उसके रिश्तेदार डॉ. जीआर अडलक गायत्री हॉस्पिटल के डायरेक्टर हैं। तस्वीरों में देखिए पुलिस की बर्बरता… दोस्त बोला- पुलिसकर्मियों ने 10 हजार मांगे
उदित के दोस्त अक्षत गार्गव ने बताया, हम छह लोग साथ थे – मैं, दीपेश, ईशान तिवारी, ऋषभ, आदित्य और उदित। रात करीब 11 बजे उदित का मुझे फोन आया। उसने कहा कि चलो पार्टी करते हैं। तब मैं अवधपुरी में था। उदित ने मुझे इंद्रपुरी बुलाया, तो मैं वहां पहुंच गया। हम सब लोग मिलकर पार्टी कर रहे थे। कुछ देर बाद मैं उदित को छोड़ने जा रहा था। जैसे ही मैंने कार में चाबी लगाई, एक पुलिसकर्मी आ गया। उदित घबराया और अंधेरी गली की तरफ भागा। दो पुलिसवाले उसके पीछे दौड़े और उसे पकड़ लिया। थोड़ी ही देर में वहां से मारपीट की आवाजें आने लगीं। जब हमने देखा तो उदित की शर्ट निकली हुई थी और उसके शरीर पर निशान पड़े हुए थे, खासकर सिर पर। यह घटना करीब रात डेढ़ बजे की होगी। दो दोस्त पुलिसवालों से बात करने की कोशिश कर रहे थे, मैंने उदित को कार में बिठाया। पुलिसकर्मियों ने दोस्तों से 10 हजार रुपए की मांग की। तब उदित मेरे साथ कार में था, उसने सिर्फ इतना कहा कि एसी चला दे और पानी दे दे। उसने दर्द होने की कोई बात नहीं की। रास्ते में उसने दो-तीन बार उल्टियां कीं। इसके बाद हम चौकी पहुंचे, यहां पहचान के पुलिसवाले थे। उन्हें सबकुछ बताया। तभी दीपेश ने उदित का हाथ पकड़ा तो उसका हाथ लटक गया। हमने पल्स चेक की तो नहीं मिली। तुरंत पास के अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टरों ने कहा कि केवर 1% चांस है, एम्स ले जाओ। एम्स ले गए, यहां डॉक्टरों ने कहा कि उसकी मौत हो गई है। तीन दिन पहले बेंगलुरु से भोपाल आया था
उदित ने वीआईटी आष्टा से बीटेक की पढ़ाई की थी। उदित के पिता राजकुमार गायकी, एमसीबी सूखी सेवनिया में इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं। उदित पिछले तीन महीनों से नौकरी की तलाश कर रहा था, जिसके चलते वह बेंगलुरु में रह रहा था। तीन दिन पहले ही वह भोपाल अपने कॉलेज के कुछ दस्तावेज लेने आया था। पिपलानी थाने में अतिरिक्त फोर्स तैनात
अस्पताल परिसर में तनाव की स्थिति को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पिपलानी थाने में भी अतिरिक्त फोर्स की तैनाती की गई है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। परिजन के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और मामले की जांच सीएसपी स्तर के अधिकारी कर रहे हैं। ये खबर भी पढ़ें… फूलों से स्वागत के बाद बर्खास्त SI गिरफ्तार:पारदी केस में दो साल से फरार था फूलों से स्वागत के महज 48 घंटे बाद, गुना पुलिस ने बर्खास्त सब-इंस्पेक्टर रामवीर सिंह कुशवाह को गिरफ्तार कर लिया है। आत्माराम पारदी हत्याकांड में दो साल से फरार चल रहे कुशवाह को स्पेशल 12 टीम ने धरदबोचा। इस गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम ने दो दिन तक रिहर्सल की। पढ़ें पूरी खबर…