मई 2022 से दिसंबर 2024 तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 38 विदेश यात्राओं पर करीब ₹258 करोड़ खर्च हुए। सरकार की ओर से जारी आकड़ों के मुताबिक, पीएम मोदी का सबसे महंगा दौरा जून 2023 में अमेरिका का था, जिस पर ₹22.89 करोड़ खर्च हुए। इसके अलावा, सितंबर 2024 में हुए अमेरिका दौरे पर भी ₹15.33 करोड़ खर्च हुए। यह जानकारी विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने राज्यसभा में एक लिखित जवाब में दी। विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम की विदेश यात्राओं पर भारतीय दूतावासों द्वारा किए गए कुल खर्च और यात्रा-वार खर्च का ब्योरा मांगा था। 3 साल में PM ने 38 देशों की यात्रा की
इन दौरों में अमेरिका, जापान, जर्मनी, फ्रांस, रूस, इटली, पोलैंड, ब्राजील, ग्रीस, ऑस्ट्रेलिया, मिस्र और दक्षिण अफ्रीका जैसे प्रमुख देश शामिल थे। इसके अलावा सरकार ने 2014 से पहले हुए तात्कालीन PM मनमोहन सिंह के दौरों पर खर्च के भी कुछ आंकड़े पेश किए। विपक्ष ने खर्चों पर उठाए सवाल
राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार से इन दौरों में एम्बेसी द्वारा किए गए खर्चों, होटल, ट्रांसपोर्ट और अन्य व्यवस्थाओं पर जानकारी मांगी। सरकार का कहना है कि ये यात्राएं भारत की कूटनीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने के लिए जरूरी हैं। ED 10 साल में 2 नेताओं को सजा दिला पाई
बीते दिन वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने राज्यसभा में बताया कि सांसदों, विधायकों सहित नेताओं पर ED के दर्ज मामलों में दोष साबित होने की दर बेहद कम है। पिछले 10 साल में ED ने 193 नेताओं पर केस दर्ज किए, जिनमें केवल 2 साबित हो सके। हालांकि, इस दौरान किसी को निर्दोष करार नहीं दिया गया। वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) सांसद एए रहीम के सवाल का राज्यसभा में जवाब दे रहे थे। सांसद ने पूछा था कि ED ने 10 सालों में कितने नेताओं पर केस दर्ज किए। क्या विपक्षी नेताओं पर कार्रवाई बढ़ी है। कितनों को सजा हुई और कितने निर्दोष पाए गए। जिन दो मामलों में आरोप साबित हुए उनमें एक 2016-17 में और दूसरा 2019-20 में पूरा हुआ। केंद्र सरकार ने बताया कि ED जांच केवल विश्वसनीय साक्ष्यों और सामग्री के आधार पर करती है। ED की सभी कार्रवाई ज्युडीशियल रिव्यू के लिए हमेशा खुली रहती है। —————————————————– PM मोदी के विदेश दौरे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… फ्रांस में मोदी बोले- AI मानवता के कोड लिख रहा, इतिहास गवाह है कि तकनीक नौकरियां नहीं लेती PM मोदी फरवरी में फ्रांस के दौरे पर गए थे। वहां 11 फरवरी को वे पेरिस में AI समिट में शामिल हुए। उन्होंने कहा- AI इस सदी के लिए मानवता के कोड लिख रहा है। इसमें दुनिया बदलने की ताकत है। यह समाज-सुरक्षा के लिए जरूरी है। यह दिखाता है कि AI का पॉजिटिव पोटेंशियल असाधारण है। पूरी खबर पढ़ें…
मई 2022 से दिसंबर 2024 तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 38 विदेश यात्राओं पर करीब ₹258 करोड़ खर्च हुए। सरकार की ओर से जारी आकड़ों के मुताबिक, पीएम मोदी का सबसे महंगा दौरा जून 2023 में अमेरिका का था, जिस पर ₹22.89 करोड़ खर्च हुए। इसके अलावा, सितंबर 2024 में हुए अमेरिका दौरे पर भी ₹15.33 करोड़ खर्च हुए। यह जानकारी विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने राज्यसभा में एक लिखित जवाब में दी। विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम की विदेश यात्राओं पर भारतीय दूतावासों द्वारा किए गए कुल खर्च और यात्रा-वार खर्च का ब्योरा मांगा था। 3 साल में PM ने 38 देशों की यात्रा की
इन दौरों में अमेरिका, जापान, जर्मनी, फ्रांस, रूस, इटली, पोलैंड, ब्राजील, ग्रीस, ऑस्ट्रेलिया, मिस्र और दक्षिण अफ्रीका जैसे प्रमुख देश शामिल थे। इसके अलावा सरकार ने 2014 से पहले हुए तात्कालीन PM मनमोहन सिंह के दौरों पर खर्च के भी कुछ आंकड़े पेश किए। विपक्ष ने खर्चों पर उठाए सवाल
राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार से इन दौरों में एम्बेसी द्वारा किए गए खर्चों, होटल, ट्रांसपोर्ट और अन्य व्यवस्थाओं पर जानकारी मांगी। सरकार का कहना है कि ये यात्राएं भारत की कूटनीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने के लिए जरूरी हैं। ED 10 साल में 2 नेताओं को सजा दिला पाई
बीते दिन वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने राज्यसभा में बताया कि सांसदों, विधायकों सहित नेताओं पर ED के दर्ज मामलों में दोष साबित होने की दर बेहद कम है। पिछले 10 साल में ED ने 193 नेताओं पर केस दर्ज किए, जिनमें केवल 2 साबित हो सके। हालांकि, इस दौरान किसी को निर्दोष करार नहीं दिया गया। वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) सांसद एए रहीम के सवाल का राज्यसभा में जवाब दे रहे थे। सांसद ने पूछा था कि ED ने 10 सालों में कितने नेताओं पर केस दर्ज किए। क्या विपक्षी नेताओं पर कार्रवाई बढ़ी है। कितनों को सजा हुई और कितने निर्दोष पाए गए। जिन दो मामलों में आरोप साबित हुए उनमें एक 2016-17 में और दूसरा 2019-20 में पूरा हुआ। केंद्र सरकार ने बताया कि ED जांच केवल विश्वसनीय साक्ष्यों और सामग्री के आधार पर करती है। ED की सभी कार्रवाई ज्युडीशियल रिव्यू के लिए हमेशा खुली रहती है। —————————————————– PM मोदी के विदेश दौरे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… फ्रांस में मोदी बोले- AI मानवता के कोड लिख रहा, इतिहास गवाह है कि तकनीक नौकरियां नहीं लेती PM मोदी फरवरी में फ्रांस के दौरे पर गए थे। वहां 11 फरवरी को वे पेरिस में AI समिट में शामिल हुए। उन्होंने कहा- AI इस सदी के लिए मानवता के कोड लिख रहा है। इसमें दुनिया बदलने की ताकत है। यह समाज-सुरक्षा के लिए जरूरी है। यह दिखाता है कि AI का पॉजिटिव पोटेंशियल असाधारण है। पूरी खबर पढ़ें…