बांग्लादेश में फिर बढ़ा राजनीतिक भूचाल

पूर्व PM शेख हसीना पर आज आएगा ICT का फैसला, ढाका समेत कई शहरों में तनाव चरम पर**
नेशनल डेस्क: बांग्लादेश में राजनीतिक उथल-पुथल एक बार फिर तेज हो गई है। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (ICT) में आज फैसले का दिन है, और इसी वजह से देशभर में तनाव गहराता जा रहा है। राजधानी ढाका के साथ कई प्रमुख शहरों में सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
रातभर हुई आगजनी और हिंसक घटनाओं ने राजधानी को दहशत के माहौल में डाल दिया। कई बसों और सरकारी इमारतों को आग के हवाले कर दिया गया। इसके पीछे आवामी लीग समर्थकों और सरकारी प्रतिबंधों के बीच बढ़ता टकराव माना जा रहा है।
सरकार ने साफ निर्देश दिया है कि यदि प्रदर्शनकारियों द्वारा हिंसा फैलाने की कोशिश की जाती है, तो सुरक्षा बल गोली चलाने से भी पीछे न हटें। कई संवेदनशील क्षेत्रों में बड़ी स्क्रीन लगाकर ट्रिब्यूनल के फैसले का लाइव प्रसारण भी किया जा रहा है—जिससे भीड़ के जमाव और प्रतिक्रिया की आशंका और बढ़ गई है।
इस बीच, आवामी लीग ने देशव्यापी ‘पूर्ण बंद’ का आह्वान किया है, जबकि यूनुस सरकार ने पहले ही पार्टी पर प्रतिबंध लगा दिया है। शेख हसीना इस ट्रिब्यूनल को “कांगारू कोर्ट” बता चुकी हैं। वहीं, उनके बेटे और राजनीतिक सलाहकार साजिब वाजेद ने चेतावनी दी है कि यदि पार्टी पर लगे प्रतिबंध को नहीं हटाया गया, तो 2026 के आम चुनाव प्रभावित हो सकते हैं, और विरोध हिंसक रूप ले सकता है।
राजधानी से लेकर जिला स्तर तक व्यापारी वर्ग और आम जनता फैसले से पहले गहरी चिंता में है। राजनीतिक टकराव, संभावित हिंसा और आर्थिक अस्थिरता के बीच बांग्लादेश का माहौल लगातार अनिश्चितता की ओर बढ़ रहा है।