मध्यप्रदेश के मंडला जिले में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई है। इसमें दो महिला नक्सली मारी गई हैं। मुठभेड़ बुधवार सुबह करीब 6 बजे बिछिया थाना क्षेत्र के मुंडिदादर और गन्हेरिदादर के जंगल में हुई। पुलिस के मुताबिक, मारी गई नक्सलियों में से एक प्रमिला छत्तीसगढ़ और दूसरी ममता महाराष्ट्र की रहने वाली है। दोनों पर 14-14 लाख रुपए का इनाम घोषित था। दोनों नक्सली एरिया कमेटी मेंबर थीं। इनमें से ममता उर्फ रामबाई कान्हा भोरमदेव एरिया कमेटी के कमांडर राकेश ओडी की पत्नी है। राकेश पर 28 लाख रुपए का इनाम है। सर्चिंग के दौरान मुठभेड़ स्थल से एक एसएलआर, एक भरमार बंदूक, वायरलेस सेट, भारी मात्रा में हथियार और दैनिक जरूरत का सामान मिला है। मुठभेड़ में इन दो महिला नक्सलियों की हुई मौत 20 नक्सलियों से हुई थी मुठभेड़
बालाघाट रेंज के आईजी संजय सिंह और हाकफोर्स के कमांडेंट शियाज ने बताया कि नक्सलियों की संख्या लगभग 20 थी। क्षेत्र में नक्सलियों की सक्रियता की सूचना मिली थी, जिसके आधार पर हाकफोर्स ने घटनास्थल पर पहुंचकर कार्रवाई की। नक्सलियों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने दो महिला नक्सलियों को मार गिराया। नक्सली साहित्य, खाने-पीने का सामान जब्त क्षेत्र में अभी भी सघन तलाशी अभियान जारी है और पुलिस को आशंका है कि कुछ और नक्सली घायल या मारे जा सकते हैं। मुठभेड़ के बाद तलाशी के दौरान भारी मात्रा में नक्सली साहित्य, खाने-पीने का सामान, हथियार और दवाइयां बरामद की गई हैं। ये नक्सली कान्हा भोरमदेव दलम के सदस्य थे। बालाघाट में मार गिराई थीं चार महिला नक्सली
इससे पहले 19 फरवरी को बालाघाट के गढ़ी थाना इलाके में हुई मुठभेड़ में चार महिला नक्सली मारी गई थी। ये सभी कान्हा भोरमदेव एबी डिवीजन खटिया मोर्चा दलम की सदस्य थी। इनमें से एक आशा पर 14 लाख का इनाम था। ये खबर भी पढ़ें… गोरिल्ला वॉर में ट्रेंड थी खूंखार नक्सली आशा बालाघाट मुठभेड़ में मारी गई नक्सली कमांडर आशा वेश बदलने में माहिर थी। वह पिछले 6 साल से पुलिस को चकमा दे रही थी। उसका काम महिलाओं को नक्सली संगठन से जोड़ना था। वह उनसे गोंडी में बात करती थी। वह फर्राटेदार अंग्रेजी भी बोल लेती थी। गोरिल्ला वॉर में ट्रेंड आशा को पकड़ना पुलिस के लिए चुनौती थी। पुलिस जब-जब एनकाउंटर कर नक्सलियों को खत्म करती, आशा कुछ ही समय में नई टीम तैयार कर लेती। पढ़ें पूरी खबर..
मध्यप्रदेश के मंडला जिले में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई है। इसमें दो महिला नक्सली मारी गई हैं। मुठभेड़ बुधवार सुबह करीब 6 बजे बिछिया थाना क्षेत्र के मुंडिदादर और गन्हेरिदादर के जंगल में हुई। पुलिस के मुताबिक, मारी गई नक्सलियों में से एक प्रमिला छत्तीसगढ़ और दूसरी ममता महाराष्ट्र की रहने वाली है। दोनों पर 14-14 लाख रुपए का इनाम घोषित था। दोनों नक्सली एरिया कमेटी मेंबर थीं। इनमें से ममता उर्फ रामबाई कान्हा भोरमदेव एरिया कमेटी के कमांडर राकेश ओडी की पत्नी है। राकेश पर 28 लाख रुपए का इनाम है। सर्चिंग के दौरान मुठभेड़ स्थल से एक एसएलआर, एक भरमार बंदूक, वायरलेस सेट, भारी मात्रा में हथियार और दैनिक जरूरत का सामान मिला है। मुठभेड़ में इन दो महिला नक्सलियों की हुई मौत 20 नक्सलियों से हुई थी मुठभेड़
बालाघाट रेंज के आईजी संजय सिंह और हाकफोर्स के कमांडेंट शियाज ने बताया कि नक्सलियों की संख्या लगभग 20 थी। क्षेत्र में नक्सलियों की सक्रियता की सूचना मिली थी, जिसके आधार पर हाकफोर्स ने घटनास्थल पर पहुंचकर कार्रवाई की। नक्सलियों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने दो महिला नक्सलियों को मार गिराया। नक्सली साहित्य, खाने-पीने का सामान जब्त क्षेत्र में अभी भी सघन तलाशी अभियान जारी है और पुलिस को आशंका है कि कुछ और नक्सली घायल या मारे जा सकते हैं। मुठभेड़ के बाद तलाशी के दौरान भारी मात्रा में नक्सली साहित्य, खाने-पीने का सामान, हथियार और दवाइयां बरामद की गई हैं। ये नक्सली कान्हा भोरमदेव दलम के सदस्य थे। बालाघाट में मार गिराई थीं चार महिला नक्सली
इससे पहले 19 फरवरी को बालाघाट के गढ़ी थाना इलाके में हुई मुठभेड़ में चार महिला नक्सली मारी गई थी। ये सभी कान्हा भोरमदेव एबी डिवीजन खटिया मोर्चा दलम की सदस्य थी। इनमें से एक आशा पर 14 लाख का इनाम था। ये खबर भी पढ़ें… गोरिल्ला वॉर में ट्रेंड थी खूंखार नक्सली आशा बालाघाट मुठभेड़ में मारी गई नक्सली कमांडर आशा वेश बदलने में माहिर थी। वह पिछले 6 साल से पुलिस को चकमा दे रही थी। उसका काम महिलाओं को नक्सली संगठन से जोड़ना था। वह उनसे गोंडी में बात करती थी। वह फर्राटेदार अंग्रेजी भी बोल लेती थी। गोरिल्ला वॉर में ट्रेंड आशा को पकड़ना पुलिस के लिए चुनौती थी। पुलिस जब-जब एनकाउंटर कर नक्सलियों को खत्म करती, आशा कुछ ही समय में नई टीम तैयार कर लेती। पढ़ें पूरी खबर..