उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने कहा कि CBI डायरेक्टर या अन्य बड़े अधिकारियों (चीफ इलेक्शन कमिश्नर) के सिलेक्शन पैनल में चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया कैसे हिस्सा ले सकते हैं। न्यायिक सक्रियता और अतिक्रमण के बीच की रेखा पतली है, लेकिन लोकतंत्र पर इसका प्रभाव मोटा है। धनखड़ ने आगे कहा- यह बात हैरान करती है कि हमारे जैसे देश या किसी भी लोकतंत्र में, भारत के मुख्य न्यायाधीश CBI डायरेक्टर के चयन में कैसे भाग ले सकते हैं। क्या इसके लिए कोई कानूनी तर्क हो सकता है? उपराष्ट्रपति ने शुक्रवार को भोपाल में नेशनल ज्यूडिशियल एकेडमी में एक सभा को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। CBI डायरेक्टर को चुनने की क्या प्रक्रिया है
CBI डायरेक्टर की नियुक्ति दिल्ली स्पेशल पुलिस एस्टेब्लिशमेंट एक्ट, 1946 के आर्टिकल 4ए के तहत की जाती है। डायरेक्टर का सलेक्शन तीन सदस्यीय कमेटी करती है। इसमें प्रधानमंत्री, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष और चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया शामिल होते हैं। CBI डायरेक्टर और चुनाव आयुक्त की नियुक्ति की प्रोसेस एक जैसी थी
CBI डायरेक्टर के चयन की प्रक्रिया चुनाव आयुक्त की नियुक्ति जैसी ही था। मुख्य चुनाव आयुक्त के चयन के लिए भी प्रधानमंत्री, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष और चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया की तीन सदस्यीय कमेटी करती थी, लेकिन सरकार ने नया कानून लाकर इसमें बदलाव किया। फिलहाल चीफ इलेक्शन कमिश्नर के सिलेक्शन का प्रोसेस विवादों में है। CJI को पैनल से बाहर रखने पर विवाद, 3 पॉइंट में समझें… मामला सुप्रीम कोर्ट में, 19 फरवरी को सुनवाई होगी
नए कानून पर विपक्ष ने आपत्ति दर्ज कराई थी इस कानून पर विपक्षी दलों का कहना था कि सरकार सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ के आदेश के खिलाफ बिल लाकर उसे कमजोर कर रही है। कांग्रेस कार्यकर्ता जया ठाकुर ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। EC की नियुक्ति को चुनौती देने वाली याचिका पर 19 फरवरी को सुनवाई होगी। मामले की सुनवाई 12 फरवरी को होनी थी, लेकिन केस लिस्ट नहीं हुआ था। तब वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन कोटीश्वर सिंह की बेंच के सामने मामला उठाया गया था। ये खबर भी पढ़ें… नए CEC के सिलेक्शन पर 17 फरवरी को बैठक: राहुल शामिल होंगे मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) राजीव कुमार 18 फरवरी को रिटायर हो रहे हैं। इससे पहले नए CEC के सिलेक्शन को लेकर 17 फरवरी को बैठक बुलाई गई है। मीटिंग में पीएम मोदी, कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के अलावा नेता विपक्ष राहुल गांधी भी शामिल होंगे। कमेटी की सिफारिश के बाद राष्ट्रपति अगले CEC की नियुक्ति करेंगी। पढ़ें पूरी खबर…
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने कहा कि CBI डायरेक्टर या अन्य बड़े अधिकारियों (चीफ इलेक्शन कमिश्नर) के सिलेक्शन पैनल में चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया कैसे हिस्सा ले सकते हैं। न्यायिक सक्रियता और अतिक्रमण के बीच की रेखा पतली है, लेकिन लोकतंत्र पर इसका प्रभाव मोटा है। धनखड़ ने आगे कहा- यह बात हैरान करती है कि हमारे जैसे देश या किसी भी लोकतंत्र में, भारत के मुख्य न्यायाधीश CBI डायरेक्टर के चयन में कैसे भाग ले सकते हैं। क्या इसके लिए कोई कानूनी तर्क हो सकता है? उपराष्ट्रपति ने शुक्रवार को भोपाल में नेशनल ज्यूडिशियल एकेडमी में एक सभा को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। CBI डायरेक्टर को चुनने की क्या प्रक्रिया है
CBI डायरेक्टर की नियुक्ति दिल्ली स्पेशल पुलिस एस्टेब्लिशमेंट एक्ट, 1946 के आर्टिकल 4ए के तहत की जाती है। डायरेक्टर का सलेक्शन तीन सदस्यीय कमेटी करती है। इसमें प्रधानमंत्री, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष और चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया शामिल होते हैं। CBI डायरेक्टर और चुनाव आयुक्त की नियुक्ति की प्रोसेस एक जैसी थी
CBI डायरेक्टर के चयन की प्रक्रिया चुनाव आयुक्त की नियुक्ति जैसी ही था। मुख्य चुनाव आयुक्त के चयन के लिए भी प्रधानमंत्री, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष और चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया की तीन सदस्यीय कमेटी करती थी, लेकिन सरकार ने नया कानून लाकर इसमें बदलाव किया। फिलहाल चीफ इलेक्शन कमिश्नर के सिलेक्शन का प्रोसेस विवादों में है। CJI को पैनल से बाहर रखने पर विवाद, 3 पॉइंट में समझें… मामला सुप्रीम कोर्ट में, 19 फरवरी को सुनवाई होगी
नए कानून पर विपक्ष ने आपत्ति दर्ज कराई थी इस कानून पर विपक्षी दलों का कहना था कि सरकार सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ के आदेश के खिलाफ बिल लाकर उसे कमजोर कर रही है। कांग्रेस कार्यकर्ता जया ठाकुर ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। EC की नियुक्ति को चुनौती देने वाली याचिका पर 19 फरवरी को सुनवाई होगी। मामले की सुनवाई 12 फरवरी को होनी थी, लेकिन केस लिस्ट नहीं हुआ था। तब वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन कोटीश्वर सिंह की बेंच के सामने मामला उठाया गया था। ये खबर भी पढ़ें… नए CEC के सिलेक्शन पर 17 फरवरी को बैठक: राहुल शामिल होंगे मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) राजीव कुमार 18 फरवरी को रिटायर हो रहे हैं। इससे पहले नए CEC के सिलेक्शन को लेकर 17 फरवरी को बैठक बुलाई गई है। मीटिंग में पीएम मोदी, कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के अलावा नेता विपक्ष राहुल गांधी भी शामिल होंगे। कमेटी की सिफारिश के बाद राष्ट्रपति अगले CEC की नियुक्ति करेंगी। पढ़ें पूरी खबर…