कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने मंगलवार को उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के साथ नाश्ते के बाद मीडिया के सवालों का जवाब दिया। इस दौरान उन्होंने एक महिला रिपोर्टर से नॉन वेज खाने को लेकर सवाल किया, जिसने सभी का ध्यान खींचा। CM ने रिपोर्टर से मजाकिया अंदाज में पूछा- क्या आपको चिकन पंसद है? रिपोर्टर ने जवाब दिया- मैं शुद्ध शाकाहारी हूं। इस पर सिद्धारमैया ने फिर से पूछा- शुद्ध से क्या मतलब है। क्या आप अंडे खाती हैं। जब महिला ने नहीं कहा, तो CM ने कहा- आप जीवन में कुछ गंवा रही हैं। यह पूरी घटना कर्नाटक डिप्टी CM शिवकुमार के सदाशिवनगर स्थित आवास पर हुई। शिवकुमार ने CM पद को लेकर मतभेदों की अटकलों के बीच सिद्धारमैया को अपने घर पर नाश्ते के लिए बुलाया था। शिवकुमार की पत्नी उषा ने CM के लिए पारंपरिक मैसूर शैली में नाटी कोली (देसी चिकन) बनाया था।
सिद्धारमैया बोले- जब हाईकमान कहेगा शिवकुमार CM होंगे सिद्धारमैया ने शिवकुमार से उनके घर पर मुलाकात के बाद मीडिया से बात की। उन्होंने मतभेदों को लेकर सवाल पर कहा- हमारे बीच कोई मतभेद नहीं है और दोनों राज्य सरकार को एकजुट होकर चला रहे हैं। जब हाईकमान कहेगा, तब डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बना दिया जाएगा। सिद्धारमैया ने बताया कि नाश्ते के दौरान विधानसभा सत्र और आगामी कार्यों पर चर्चा हुई। निर्णय लिया गया कि 8 दिसंबर को सांसदों की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें किसानों और राज्य के अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी। 29 नवंबरः सिद्धारमैया ने शिवकुमार को अपने घर नाश्ते पर बुलाया था CM सिद्धारमैया और डिप्टी CM शिवकुमार के बीच पिछले 5 दिनों में 3 बार मुलाकात हुई। 29 नवंबर को CM सिद्धारमैया ने शिवकुमार को अपने आवास पर नाश्ते के लिए बुलाया था। इसके बाद दोनों ने एक साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की थी। इसमें दोनों ने CM की कुर्सी को लेकर कोई विवाद न होने की बात कही थी। सिद्धारमैया ने कहा- हमारे बीच कोई मतभेद नहीं है और न ही भविष्य में होगा। हम साथ में मिलकर काम करेंगे। वहीं, डीके शिवकुमार ने कहा- हाईकमान जो भी कहेगा, हम उसका पालन करेंगे और कोई ग्रुप नहीं है। मैं मुख्यमंत्री के साथ हूं, कर्नाटक के विकास को प्राथमिकता देंगे। मुलाकात के बाद CM, डिप्टी CM का X पर पोस्ट… 28 नवंबर: प्रोग्राम में मंच पर साथ नजर आए थे दोनों नेता CM कुर्सी की खींचतान, 2.5 साल पूरे होने पर विवाद बढ़ा सूत्रों के अनुसार, सिद्धारमैया और शिवकुमार की ये मुलाकातें हाईकमान के आदेश के बाद हो रही हैं। पिछले कुछ महीनों से शिवकुमार के समर्थकों के बीच उन्हें CM बनाने की मांग तेज हो गई है। शिवकुमार समर्थकों का दावा है कि 2023 में सरकार बनने के समय CM पद के लिए 2.5-2.5 साल की डील हुई थी। हालांकि, सिद्धारमैया समर्थक इस दावे को नकारते आए हैं। कांग्रेस की तरफ से भी इस डील को लेकर आधिकारिक तौर पर कभी कोई पुष्टि नहीं की गई। नवंबर में सिद्धारमैया के CM कार्यकाल के 2.5 साल पूरे हो चुके हैं। राज्य में CM चेहरे में बदलाव की अटकलें तेज हैं। सूत्रों के मुताबिक सिद्धारमैया कैबिनेट फेरबदल के पक्ष में हैं। जबकि शिवकुमार चाहते हैं कि पार्टी पहले नेतृत्व परिवर्तन पर फैसला करे। पार्टी के अंदरूनी हलकों में यह भी माना जा रहा है कि यदि हाई कमान कैबिनेट विस्तार को मंजूरी देता है, तो इससे सिद्धारमैया के पूरे कार्यकाल (5 साल) तक टिके रहने का संकेत मिल सकता है, जो शिवकुमार की सीएम बनने की संभावनाओं को कम कर देगा। पिछले दिनों का घटनाक्रम, बयानबाजी और अपडेट पढ़ें… 26 नवंबर- खड़गे बोले- पार्टी हाईकमान इस समस्या को सुलझा लेगा इससे पहले खड़गे ने बुधवार को कहा था कि पार्टी हाईकमान मिलकर इस समस्या को सुलझा लेंगे, जरूरत पड़ने पर मध्यस्थता भी करेंगे। उन्होंने ANI से बातचीत में कहा- वहां की जनता ही बता सकती है कि सरकार कैसा काम कर रही है। लेकिन मैं इतना जरूर कहूंगा कि में राहुल गांधी, सोनिया गांधी एक साथ बैठकर इस पर चर्चा करेंगे। राहुल ने शिवकुमार को इंतजार करने को कहा इंडिया टुडे ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि पिछले एक हफ्ते से शिवकुमार राहुल गांधी से संपर्क करने की कोशिश कर रहे थे। इसके बाद राहुल गांधी ने वॉट्सएप मैसेज भेजा, जिसमें लिखा था- “कृपया प्रतीक्षा करें, मैं कॉल करूंगा।” इस पर बुधवार को शिवकुमार ने कहा, अगर जरूरत हुई तो मैं हाईकमान से समय मांगूंगा। मुझे 4 एमएलसी सीटों के उम्मीदवार तय करने हैं। इसके साथ ही मैं कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (KPCC) ट्रस्ट और पार्टी की संपत्तियों के पुनर्गठन पर भी वरिष्ठ नेताओं से चर्चा करना चाहता हूं। 25 नवंबरः भाजपा ने डीके शिवकुमार का AI वीडियो जारी किया कर्नाटक बीजेपी ने मंगलवार को उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार का AI वीडियो जारी किया। इसमें शिवकुमार लैपटॉप में ऑनलाइन मुख्यमंत्री कुर्सी खरीद रहे हैं, लेकिन जैसे ही वह इसे कार्ट में जोड़ते हैं, स्क्रीन पर “आउट ऑफ स्टॉक” लिखा आता है। साथ ही कैप्शन में लिखा- “DK शिवकुमार अभी।” 21 नवंबर: सीएम बदलाव को शिवकुमार ने खारिज किया शिवकुमार ने X पर पोस्ट किया था कि CM सिद्धारमैया अपना 5 साल का कार्यकाल पूरा करेंगे। मैं उन्हें शुभकामनाएं देता हूं। CM और मैंने, दोनों ने बार-बार कहा है कि हम हाईकमान की बात मानते हैं। यह चर्चा शिवकुमार के करीबी विधायकों के 20 नवंबर को दिल्ली में हाईकमान से मुलाकात के बाद शुरू हुई थी। समर्थकों ने दावा किया कि शिवकुमार को अगला सीएम बनना चाहिए। हालांकि डिप्टी सीएम ने कहा कि सभी विधायक हम सब के हैं। गुटबाजी मेरे खून में नहीं है। पूरी खबर पढ़ें… 19 नवंबर: शिवकुमार ने प्रदेश अध्यक्ष पद छोड़ने के संकेत दिए डीके शिवकुमार ने संकेत दिए थे कि वे जल्द ही प्रदेश अध्यक्ष पद छोड़ सकते हैं। उन्होंने बेंगलुरु में इंदिरा गांधी की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में कहा था- मैं इस पद पर हमेशा नहीं रह सकता। शिवकुमार ने कहा था… साढ़े पांच साल हो चुके हैं और मार्च में छह साल हो जाएंगे। अब दूसरे नेताओं को भी अवसर मिलना चाहिए। हालांकि, उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा- मैं लीडरशिप में रहूंगा। चिंता मत करिए, मैं फ्रंटलाइन में रहूगा। मैं रहूं या न रहूं, इससे फर्क नहीं पड़ता। मेरी कोशिश है कि अपने कार्यकाल में पार्टी के 100 ऑफिस बनवाऊं। 16 नवंबर: सिद्धारमैया की खड़गे से मुलाकात कर्नाटक सरकार में फेरबदल की चर्चाओं के बीच मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने 16 नवंबर को कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की थी। कांग्रेस नेताओं ने इसे शिष्टाचार मुलाकात बताया था, लेकिन पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने बताया कि सिद्धारमैया ने खड़गे के साथ राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार पर चर्चा की। क्या है रोटेशन फॉर्मूला?
2023 विधानसभा चुनाव के बाद दोनों नेताओं में तीखी प्रतिस्पर्धा थी। उस समय ढाई-ढाई साल के रोटेशन फॉर्मूले की चर्चा थी, जिसके मुताबिक शिवकुमार 2.5 साल बाद CM बन सकते थे, लेकिन कांग्रेस ने इसे कभी आधिकारिक रूप से स्वीकार नहीं किया है। ————————— कर्नाटक से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… CM सिद्धारमैया बोले- मोदी सरकार जबरन हिंदी थोप रही:कन्नड़ की उपेक्षा हो रही; हिंदी-अंग्रेजी से हमारे बच्चों की प्रतिभा घट रही कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने केंद्र की मोदी सरकार पर कन्नड़ की उपेक्षा करने और हिंदी थोपने का आरोप लगाया। उन्होंने राज्य के लोगों से कन्नड़ विरोधियों का विरोध करने भी कहा। सिद्धारमैया कर्नाटक के स्थापना दिवस पर कहा कि केंद्र सरकार कर्नाटक के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। हिंदी थोपने की लगातार कोशिशें हो रही हैं। पूरी खबर पढ़ें…
कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने मंगलवार को उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के साथ नाश्ते के बाद मीडिया के सवालों का जवाब दिया। इस दौरान उन्होंने एक महिला रिपोर्टर से नॉन वेज खाने को लेकर सवाल किया, जिसने सभी का ध्यान खींचा। CM ने रिपोर्टर से मजाकिया अंदाज में पूछा- क्या आपको चिकन पंसद है? रिपोर्टर ने जवाब दिया- मैं शुद्ध शाकाहारी हूं। इस पर सिद्धारमैया ने फिर से पूछा- शुद्ध से क्या मतलब है। क्या आप अंडे खाती हैं। जब महिला ने नहीं कहा, तो CM ने कहा- आप जीवन में कुछ गंवा रही हैं। यह पूरी घटना कर्नाटक डिप्टी CM शिवकुमार के सदाशिवनगर स्थित आवास पर हुई। शिवकुमार ने CM पद को लेकर मतभेदों की अटकलों के बीच सिद्धारमैया को अपने घर पर नाश्ते के लिए बुलाया था। शिवकुमार की पत्नी उषा ने CM के लिए पारंपरिक मैसूर शैली में नाटी कोली (देसी चिकन) बनाया था।
सिद्धारमैया बोले- जब हाईकमान कहेगा शिवकुमार CM होंगे सिद्धारमैया ने शिवकुमार से उनके घर पर मुलाकात के बाद मीडिया से बात की। उन्होंने मतभेदों को लेकर सवाल पर कहा- हमारे बीच कोई मतभेद नहीं है और दोनों राज्य सरकार को एकजुट होकर चला रहे हैं। जब हाईकमान कहेगा, तब डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बना दिया जाएगा। सिद्धारमैया ने बताया कि नाश्ते के दौरान विधानसभा सत्र और आगामी कार्यों पर चर्चा हुई। निर्णय लिया गया कि 8 दिसंबर को सांसदों की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें किसानों और राज्य के अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी। 29 नवंबरः सिद्धारमैया ने शिवकुमार को अपने घर नाश्ते पर बुलाया था CM सिद्धारमैया और डिप्टी CM शिवकुमार के बीच पिछले 5 दिनों में 3 बार मुलाकात हुई। 29 नवंबर को CM सिद्धारमैया ने शिवकुमार को अपने आवास पर नाश्ते के लिए बुलाया था। इसके बाद दोनों ने एक साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की थी। इसमें दोनों ने CM की कुर्सी को लेकर कोई विवाद न होने की बात कही थी। सिद्धारमैया ने कहा- हमारे बीच कोई मतभेद नहीं है और न ही भविष्य में होगा। हम साथ में मिलकर काम करेंगे। वहीं, डीके शिवकुमार ने कहा- हाईकमान जो भी कहेगा, हम उसका पालन करेंगे और कोई ग्रुप नहीं है। मैं मुख्यमंत्री के साथ हूं, कर्नाटक के विकास को प्राथमिकता देंगे। मुलाकात के बाद CM, डिप्टी CM का X पर पोस्ट… 28 नवंबर: प्रोग्राम में मंच पर साथ नजर आए थे दोनों नेता CM कुर्सी की खींचतान, 2.5 साल पूरे होने पर विवाद बढ़ा सूत्रों के अनुसार, सिद्धारमैया और शिवकुमार की ये मुलाकातें हाईकमान के आदेश के बाद हो रही हैं। पिछले कुछ महीनों से शिवकुमार के समर्थकों के बीच उन्हें CM बनाने की मांग तेज हो गई है। शिवकुमार समर्थकों का दावा है कि 2023 में सरकार बनने के समय CM पद के लिए 2.5-2.5 साल की डील हुई थी। हालांकि, सिद्धारमैया समर्थक इस दावे को नकारते आए हैं। कांग्रेस की तरफ से भी इस डील को लेकर आधिकारिक तौर पर कभी कोई पुष्टि नहीं की गई। नवंबर में सिद्धारमैया के CM कार्यकाल के 2.5 साल पूरे हो चुके हैं। राज्य में CM चेहरे में बदलाव की अटकलें तेज हैं। सूत्रों के मुताबिक सिद्धारमैया कैबिनेट फेरबदल के पक्ष में हैं। जबकि शिवकुमार चाहते हैं कि पार्टी पहले नेतृत्व परिवर्तन पर फैसला करे। पार्टी के अंदरूनी हलकों में यह भी माना जा रहा है कि यदि हाई कमान कैबिनेट विस्तार को मंजूरी देता है, तो इससे सिद्धारमैया के पूरे कार्यकाल (5 साल) तक टिके रहने का संकेत मिल सकता है, जो शिवकुमार की सीएम बनने की संभावनाओं को कम कर देगा। पिछले दिनों का घटनाक्रम, बयानबाजी और अपडेट पढ़ें… 26 नवंबर- खड़गे बोले- पार्टी हाईकमान इस समस्या को सुलझा लेगा इससे पहले खड़गे ने बुधवार को कहा था कि पार्टी हाईकमान मिलकर इस समस्या को सुलझा लेंगे, जरूरत पड़ने पर मध्यस्थता भी करेंगे। उन्होंने ANI से बातचीत में कहा- वहां की जनता ही बता सकती है कि सरकार कैसा काम कर रही है। लेकिन मैं इतना जरूर कहूंगा कि में राहुल गांधी, सोनिया गांधी एक साथ बैठकर इस पर चर्चा करेंगे। राहुल ने शिवकुमार को इंतजार करने को कहा इंडिया टुडे ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि पिछले एक हफ्ते से शिवकुमार राहुल गांधी से संपर्क करने की कोशिश कर रहे थे। इसके बाद राहुल गांधी ने वॉट्सएप मैसेज भेजा, जिसमें लिखा था- “कृपया प्रतीक्षा करें, मैं कॉल करूंगा।” इस पर बुधवार को शिवकुमार ने कहा, अगर जरूरत हुई तो मैं हाईकमान से समय मांगूंगा। मुझे 4 एमएलसी सीटों के उम्मीदवार तय करने हैं। इसके साथ ही मैं कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (KPCC) ट्रस्ट और पार्टी की संपत्तियों के पुनर्गठन पर भी वरिष्ठ नेताओं से चर्चा करना चाहता हूं। 25 नवंबरः भाजपा ने डीके शिवकुमार का AI वीडियो जारी किया कर्नाटक बीजेपी ने मंगलवार को उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार का AI वीडियो जारी किया। इसमें शिवकुमार लैपटॉप में ऑनलाइन मुख्यमंत्री कुर्सी खरीद रहे हैं, लेकिन जैसे ही वह इसे कार्ट में जोड़ते हैं, स्क्रीन पर “आउट ऑफ स्टॉक” लिखा आता है। साथ ही कैप्शन में लिखा- “DK शिवकुमार अभी।” 21 नवंबर: सीएम बदलाव को शिवकुमार ने खारिज किया शिवकुमार ने X पर पोस्ट किया था कि CM सिद्धारमैया अपना 5 साल का कार्यकाल पूरा करेंगे। मैं उन्हें शुभकामनाएं देता हूं। CM और मैंने, दोनों ने बार-बार कहा है कि हम हाईकमान की बात मानते हैं। यह चर्चा शिवकुमार के करीबी विधायकों के 20 नवंबर को दिल्ली में हाईकमान से मुलाकात के बाद शुरू हुई थी। समर्थकों ने दावा किया कि शिवकुमार को अगला सीएम बनना चाहिए। हालांकि डिप्टी सीएम ने कहा कि सभी विधायक हम सब के हैं। गुटबाजी मेरे खून में नहीं है। पूरी खबर पढ़ें… 19 नवंबर: शिवकुमार ने प्रदेश अध्यक्ष पद छोड़ने के संकेत दिए डीके शिवकुमार ने संकेत दिए थे कि वे जल्द ही प्रदेश अध्यक्ष पद छोड़ सकते हैं। उन्होंने बेंगलुरु में इंदिरा गांधी की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में कहा था- मैं इस पद पर हमेशा नहीं रह सकता। शिवकुमार ने कहा था… साढ़े पांच साल हो चुके हैं और मार्च में छह साल हो जाएंगे। अब दूसरे नेताओं को भी अवसर मिलना चाहिए। हालांकि, उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा- मैं लीडरशिप में रहूंगा। चिंता मत करिए, मैं फ्रंटलाइन में रहूगा। मैं रहूं या न रहूं, इससे फर्क नहीं पड़ता। मेरी कोशिश है कि अपने कार्यकाल में पार्टी के 100 ऑफिस बनवाऊं। 16 नवंबर: सिद्धारमैया की खड़गे से मुलाकात कर्नाटक सरकार में फेरबदल की चर्चाओं के बीच मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने 16 नवंबर को कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की थी। कांग्रेस नेताओं ने इसे शिष्टाचार मुलाकात बताया था, लेकिन पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने बताया कि सिद्धारमैया ने खड़गे के साथ राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार पर चर्चा की। क्या है रोटेशन फॉर्मूला?
2023 विधानसभा चुनाव के बाद दोनों नेताओं में तीखी प्रतिस्पर्धा थी। उस समय ढाई-ढाई साल के रोटेशन फॉर्मूले की चर्चा थी, जिसके मुताबिक शिवकुमार 2.5 साल बाद CM बन सकते थे, लेकिन कांग्रेस ने इसे कभी आधिकारिक रूप से स्वीकार नहीं किया है। ————————— कर्नाटक से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… CM सिद्धारमैया बोले- मोदी सरकार जबरन हिंदी थोप रही:कन्नड़ की उपेक्षा हो रही; हिंदी-अंग्रेजी से हमारे बच्चों की प्रतिभा घट रही कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने केंद्र की मोदी सरकार पर कन्नड़ की उपेक्षा करने और हिंदी थोपने का आरोप लगाया। उन्होंने राज्य के लोगों से कन्नड़ विरोधियों का विरोध करने भी कहा। सिद्धारमैया कर्नाटक के स्थापना दिवस पर कहा कि केंद्र सरकार कर्नाटक के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। हिंदी थोपने की लगातार कोशिशें हो रही हैं। पूरी खबर पढ़ें…