पंजाब बाढ़ की चपेट में हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए सरकारी मशीनरी से लेकर NDRF और सेना तक ने ताकत झोंक रखी है। सेना ने अपने हेलिकॉप्टर तक उतार दिए हैं। इसी बीच बड़े-बड़े टायरों वाली एक गाड़ी पानी में तैरती और कीचड़ में दौड़ती नजर आई, जो बाढ़ में फंसे सैकड़ों लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने में जुटी है। इस गाड़ी ने अमृतसर के अजनाला में 4 दिन की एक बच्ची की जान भी बचाई है। पहली बार दिखाई दी इस गाड़ी की खूब चर्चा हो रही है। हर कोई जानने की कोशिश कर रहा है कि ये गाड़ी क्या है, किसने इसे बनाया है और कैसे बाढ़ में इसका फायदा प्रशासन उठा रहा है। तो बता दें कि इस गाड़ी का नाम है एम्फीबियस (ATOR N1200), जिसे पंजाबी उद्योगपति जसकीरत सिंह नागरा की JSW गेको मोटर्स कंपनी ने बनाया है। यूक्रेन और भारतीय टीमें मिलकर चंडीगढ़ इंडस्ट्रियल एरिया में इसका प्रोडक्शन कर रही हैं। भारतीय सेना में इस वाहन को कपि ध्वज (Kapi Dhvaj) बोला जाता है, जो सियाचिन और लद्दाख जैसे दुर्गम पहाड़ी और बर्फीले इलाकों में सेना की आवाजाही की क्षमताओं को बढ़ाता है। आखिर ये गाड़ी सेना के पास कैसे आई, किसके आइडिया से ये बनी, कितना वक्त इसके बनने में लगा? ऐसे ही कई सवालों के जवाब जानने के लिए पढ़िए दैनिक भास्कर एप की स्पेशल रिपोर्ट… उद्योगपति जसकीरत सिंह की जुबानी, एम्फीबियस के बनने की कहानी… जसकीरत सिंह नागरा बताते हैं- इस व्हीकल का नाम स्पेशलिस्ट मोबिलिटी व्हीकल रखा गया। इस वाहन को सेना ने परखा और यूज करना शुरू किया। इसे न केवल पंजाब बल्कि जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में आई प्राकृतिक आपदा और उत्तराखंड में भी प्रयोग किया जा चुका है। भारतीय सेना की मांग के बाद बनी इस गाड़ी को अब विदेश में भी एक्सपोर्ट किया जा रहा है। अब जानें ATOR को बनाने का मकसद… ———————— पंजाब की बाढ़ से जुड़ी ये खबर पढ़ें… पंजाब के 8 जिलों में बाढ़, 8 मरे, 3 लापता:हुसैनीवाला बॉर्डर डूबा, बुड्ढा साहिब गुरुद्वारे में पानी भरा; आर्मी हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू कर रही पंजाब के 8 जिले, पठानकोट, गुरदासपुर, मानसा, अमृतसर, तरनतारन, फाजिल्का, कपूरथला का सुल्तानपुर लोधी और होशियारपुर बाढ़ की चपेट में हैं। यहां के 250 से ज्यादा गांवों में 5 से 15 फीट तक पानी भरा हुआ है। बाढ़ के कारण अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है। 3 लोग लापता हैं। (पूरी खबर पढ़ें)
पंजाब बाढ़ की चपेट में हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए सरकारी मशीनरी से लेकर NDRF और सेना तक ने ताकत झोंक रखी है। सेना ने अपने हेलिकॉप्टर तक उतार दिए हैं। इसी बीच बड़े-बड़े टायरों वाली एक गाड़ी पानी में तैरती और कीचड़ में दौड़ती नजर आई, जो बाढ़ में फंसे सैकड़ों लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने में जुटी है। इस गाड़ी ने अमृतसर के अजनाला में 4 दिन की एक बच्ची की जान भी बचाई है। पहली बार दिखाई दी इस गाड़ी की खूब चर्चा हो रही है। हर कोई जानने की कोशिश कर रहा है कि ये गाड़ी क्या है, किसने इसे बनाया है और कैसे बाढ़ में इसका फायदा प्रशासन उठा रहा है। तो बता दें कि इस गाड़ी का नाम है एम्फीबियस (ATOR N1200), जिसे पंजाबी उद्योगपति जसकीरत सिंह नागरा की JSW गेको मोटर्स कंपनी ने बनाया है। यूक्रेन और भारतीय टीमें मिलकर चंडीगढ़ इंडस्ट्रियल एरिया में इसका प्रोडक्शन कर रही हैं। भारतीय सेना में इस वाहन को कपि ध्वज (Kapi Dhvaj) बोला जाता है, जो सियाचिन और लद्दाख जैसे दुर्गम पहाड़ी और बर्फीले इलाकों में सेना की आवाजाही की क्षमताओं को बढ़ाता है। आखिर ये गाड़ी सेना के पास कैसे आई, किसके आइडिया से ये बनी, कितना वक्त इसके बनने में लगा? ऐसे ही कई सवालों के जवाब जानने के लिए पढ़िए दैनिक भास्कर एप की स्पेशल रिपोर्ट… उद्योगपति जसकीरत सिंह की जुबानी, एम्फीबियस के बनने की कहानी… जसकीरत सिंह नागरा बताते हैं- इस व्हीकल का नाम स्पेशलिस्ट मोबिलिटी व्हीकल रखा गया। इस वाहन को सेना ने परखा और यूज करना शुरू किया। इसे न केवल पंजाब बल्कि जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में आई प्राकृतिक आपदा और उत्तराखंड में भी प्रयोग किया जा चुका है। भारतीय सेना की मांग के बाद बनी इस गाड़ी को अब विदेश में भी एक्सपोर्ट किया जा रहा है। अब जानें ATOR को बनाने का मकसद… ———————— पंजाब की बाढ़ से जुड़ी ये खबर पढ़ें… पंजाब के 8 जिलों में बाढ़, 8 मरे, 3 लापता:हुसैनीवाला बॉर्डर डूबा, बुड्ढा साहिब गुरुद्वारे में पानी भरा; आर्मी हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू कर रही पंजाब के 8 जिले, पठानकोट, गुरदासपुर, मानसा, अमृतसर, तरनतारन, फाजिल्का, कपूरथला का सुल्तानपुर लोधी और होशियारपुर बाढ़ की चपेट में हैं। यहां के 250 से ज्यादा गांवों में 5 से 15 फीट तक पानी भरा हुआ है। बाढ़ के कारण अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है। 3 लोग लापता हैं। (पूरी खबर पढ़ें)