हरियाणा के 5 जिलों में सोमवार सुबह बारिश शुरू हो गई है। इसमें हिसार, जींद, झज्जर, रेवाड़ी और फरीदाबाद शामिल हैं। वहीं, चरखी दादरी और फरीदाबाद में जगह-जगह जल भराव हो गया है। मौसम विभाग ने सुबह 11 बजे तक हिसार, रोहतक और जींद में रेड अलर्ट जारी किया है। इनमें हिसार जिले के हांसी, नारनौंद; जींद जिले में शहर, जुलाना व सफीदों, रोहतक के महम, सोनीपत में गोहाना क्षेत्र, भिवानी जिले के बवानीखेड़ा क्षेत्र में तेज बारिश हो सकती है। मौसम विज्ञान केंद्र, चंडीगढ़ ने आज 6 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। इनमें कैथल, करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर शामिल हैं। यहां गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। इसके अलावा बचे 16 जिलों में भी बारिश का यलो अलर्ट है। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी से आ रहीं नमी भरी हवाओं से हरियाणा में बारिश हो रही है। 10 जुलाई तक पूरे प्रदेश में बारिश होगी। इससे तापमान में गिरावट आएगी और उमस भरी गर्मी से राहत मिलेगी। रविवार देर रात हुई बारिश
वहीं, रविवार देर रात को गुरुग्राम, झज्जर, चरखी दादरी, फरीदाबाद और नारनौल में तेज बारिश हुई, जिससे सोमवार सुबह जलभराव हुआ। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, प्रदेश में 24 जून को मानसून की एंट्री के बाद 90.7MM बारिश हो चुकी है, जो सामान्य तौर पर 74.4MM के मुकाबले 22% ज्यादा है। रविवार (6 जुलाई) को कैथल, अंबाला और यमुनानगर में बारिश हुई, जिससे प्रदेश के औसत तापमान में 0.9 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। इससे प्रदेश का अधिकतम तापमान भी सामान्य से 1.9 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंच गया है। प्रदेश में तेज बारिश की संभावना क्यों
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के मुताबिक, पिछले 3-4 दिनों से मानसून टर्फ दक्षिण की ओर चली गई थी। इस वजह से मध्यप्रदेश, दक्षिण राजस्थान व गुजरात में बारिश हुई। वहीं, हरियाणा में बारिश एकदम से कम हो गई। मगर, अब मानसून टर्फ उत्तर की तरफ बढ़ रही है। यह उत्तरी सीमा श्रीगंगानगर, भिवानी, आगरा, बांदा, पुरुलिया, कोलकाता से होते हुए उत्तर पूर्व बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है। बंगाल की खाड़ी से नमी वाली मानसूनी हवाएं राज्य की तरफ आने की संभावना है। इसके बाद प्रदेश में 10 जुलाई तक मौसम में बदलाव होता रहेगा। इस दौरान बारिश के आसार बने हुए हैं। कुछ जगहों पर तेज बारिश होगी। इससे वातावरण में नमी ज्यादा रहेगी और तापमान में गिरावट आएगी। 24 घंटे में बदला तापमान
पिछले 24 घंटे के मौसम में हुए बदलाव की बात करें तो प्रदेशभर के अधिकतम तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। हरियाणा के अधिकतम तापमान में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी नारनौल में 3 डिग्री सेल्सियस की दर्ज की गई। इसके बाद नारनौल का अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। वहीं, सबसे ज्यादा गिरावट सिरसा में 3.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज की गई। इसके बाद सिरसा का तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। अगले 3 दिन कैसे रहेगा मौसम नीचे ब्लॉग में बारिश के वीडियो देखें…
हरियाणा के 5 जिलों में सोमवार सुबह बारिश शुरू हो गई है। इसमें हिसार, जींद, झज्जर, रेवाड़ी और फरीदाबाद शामिल हैं। वहीं, चरखी दादरी और फरीदाबाद में जगह-जगह जल भराव हो गया है। मौसम विभाग ने सुबह 11 बजे तक हिसार, रोहतक और जींद में रेड अलर्ट जारी किया है। इनमें हिसार जिले के हांसी, नारनौंद; जींद जिले में शहर, जुलाना व सफीदों, रोहतक के महम, सोनीपत में गोहाना क्षेत्र, भिवानी जिले के बवानीखेड़ा क्षेत्र में तेज बारिश हो सकती है। मौसम विज्ञान केंद्र, चंडीगढ़ ने आज 6 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। इनमें कैथल, करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर शामिल हैं। यहां गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। इसके अलावा बचे 16 जिलों में भी बारिश का यलो अलर्ट है। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी से आ रहीं नमी भरी हवाओं से हरियाणा में बारिश हो रही है। 10 जुलाई तक पूरे प्रदेश में बारिश होगी। इससे तापमान में गिरावट आएगी और उमस भरी गर्मी से राहत मिलेगी। रविवार देर रात हुई बारिश
वहीं, रविवार देर रात को गुरुग्राम, झज्जर, चरखी दादरी, फरीदाबाद और नारनौल में तेज बारिश हुई, जिससे सोमवार सुबह जलभराव हुआ। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, प्रदेश में 24 जून को मानसून की एंट्री के बाद 90.7MM बारिश हो चुकी है, जो सामान्य तौर पर 74.4MM के मुकाबले 22% ज्यादा है। रविवार (6 जुलाई) को कैथल, अंबाला और यमुनानगर में बारिश हुई, जिससे प्रदेश के औसत तापमान में 0.9 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। इससे प्रदेश का अधिकतम तापमान भी सामान्य से 1.9 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंच गया है। प्रदेश में तेज बारिश की संभावना क्यों
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के मुताबिक, पिछले 3-4 दिनों से मानसून टर्फ दक्षिण की ओर चली गई थी। इस वजह से मध्यप्रदेश, दक्षिण राजस्थान व गुजरात में बारिश हुई। वहीं, हरियाणा में बारिश एकदम से कम हो गई। मगर, अब मानसून टर्फ उत्तर की तरफ बढ़ रही है। यह उत्तरी सीमा श्रीगंगानगर, भिवानी, आगरा, बांदा, पुरुलिया, कोलकाता से होते हुए उत्तर पूर्व बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है। बंगाल की खाड़ी से नमी वाली मानसूनी हवाएं राज्य की तरफ आने की संभावना है। इसके बाद प्रदेश में 10 जुलाई तक मौसम में बदलाव होता रहेगा। इस दौरान बारिश के आसार बने हुए हैं। कुछ जगहों पर तेज बारिश होगी। इससे वातावरण में नमी ज्यादा रहेगी और तापमान में गिरावट आएगी। 24 घंटे में बदला तापमान
पिछले 24 घंटे के मौसम में हुए बदलाव की बात करें तो प्रदेशभर के अधिकतम तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। हरियाणा के अधिकतम तापमान में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी नारनौल में 3 डिग्री सेल्सियस की दर्ज की गई। इसके बाद नारनौल का अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। वहीं, सबसे ज्यादा गिरावट सिरसा में 3.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज की गई। इसके बाद सिरसा का तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। अगले 3 दिन कैसे रहेगा मौसम नीचे ब्लॉग में बारिश के वीडियो देखें…