रोहतक जिले की सुनारिया जेल में हत्या और रेप के मामले में 20 साल की सजा काट रहे डेरा मुखी गुरमीत राम रहीम को 9 अप्रैल को 21 दिन की फरलो मिली थी। अब यह अवधि पूरी होने के बाद गुरमीत राम रहीम सिरसा डेरे से निकल चुका है और करीब 5 बजे तक वह रोहतक की सुनारिया जेल पहुंच जाएगा। कड़ी सुरक्षा के बीच राम रहीम को सिरसा से सुनारिया जेल लाया जा रहा है। गुरमीत राम रहीम को इससे पहले 2 जनवरी 2025 को 30 दिन की पैरोल मिली थी, जिसमें से उन्होंने 10 दिन सिरसा डेरे में और 20 दिन बरनावा (उत्तर प्रदेश) में बिताए थे। लेकिन इस बार 21 दिन की फरलो के दौरान वह सिरसा डेरे में ही रहा, जहां उसने अनुयायियों से मुलाकात की और डेरे का स्थापना दिवस भी मनाया। पूरी फरलो अवधि सिरसा डेरे में ही बिताई 9 अप्रैल को फरलो मिलने के बाद राम रहीम सुबह करीब 6:30 बजे सुनारिया जेल से सिरसा के लिए रवाना हुआ था। उस समय उसके साथ लग्जरी गाड़ियों का काफिला था, जिसमें दो बुलेटप्रूफ लैंड क्रूजर, दो फॉर्च्यूनर और दो अन्य गाड़ियां शामिल थीं। अब वही काफिला राम रहीम को वापस सुनारिया जेल लेकर आ रहा है। यह 13वीं बार है जब डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम जेल से बाहर आया। रोहतक जेल प्रशासन ने पहले की तरह इस बार भी सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए उसे गुपचुप तरीके से सिरसा भेजा था। हालांकि, इस बार वह बागपत के बरनावा नहीं गया, बल्कि पूरी फरलो अवधि सिरसा डेरे में ही बिताई।
रोहतक जिले की सुनारिया जेल में हत्या और रेप के मामले में 20 साल की सजा काट रहे डेरा मुखी गुरमीत राम रहीम को 9 अप्रैल को 21 दिन की फरलो मिली थी। अब यह अवधि पूरी होने के बाद गुरमीत राम रहीम सिरसा डेरे से निकल चुका है और करीब 5 बजे तक वह रोहतक की सुनारिया जेल पहुंच जाएगा। कड़ी सुरक्षा के बीच राम रहीम को सिरसा से सुनारिया जेल लाया जा रहा है। गुरमीत राम रहीम को इससे पहले 2 जनवरी 2025 को 30 दिन की पैरोल मिली थी, जिसमें से उन्होंने 10 दिन सिरसा डेरे में और 20 दिन बरनावा (उत्तर प्रदेश) में बिताए थे। लेकिन इस बार 21 दिन की फरलो के दौरान वह सिरसा डेरे में ही रहा, जहां उसने अनुयायियों से मुलाकात की और डेरे का स्थापना दिवस भी मनाया। पूरी फरलो अवधि सिरसा डेरे में ही बिताई 9 अप्रैल को फरलो मिलने के बाद राम रहीम सुबह करीब 6:30 बजे सुनारिया जेल से सिरसा के लिए रवाना हुआ था। उस समय उसके साथ लग्जरी गाड़ियों का काफिला था, जिसमें दो बुलेटप्रूफ लैंड क्रूजर, दो फॉर्च्यूनर और दो अन्य गाड़ियां शामिल थीं। अब वही काफिला राम रहीम को वापस सुनारिया जेल लेकर आ रहा है। यह 13वीं बार है जब डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम जेल से बाहर आया। रोहतक जेल प्रशासन ने पहले की तरह इस बार भी सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए उसे गुपचुप तरीके से सिरसा भेजा था। हालांकि, इस बार वह बागपत के बरनावा नहीं गया, बल्कि पूरी फरलो अवधि सिरसा डेरे में ही बिताई।