यूपी में सोमवार को कड़ी सुरक्षा में ईद की नमाज हुई। वाराणसी जामा मस्जिद में एक साथ बड़ी संख्या में नमाजी पहुंचे। सड़क पर पढ़ने की अनुमति न होने के चलते कुछ लोगों ने सीढ़ियों पर नमाज अदा की। मेरठ में ईद की नमाज के बाद कुछ मुस्लिम युवक एक पोस्टर लेकर सड़क पर आ गए। इस पर लिखा था- सड़कों पर सिर्फ मुस्लिम ही नमाज नहीं पढ़ते। शिवरात्रि सड़कों पर मनती है। कांवड़ यात्रा सड़क पर निकलती है। रामनवमी यात्रा सड़क पर निकलती है। दिवाली पर पटाखे सड़क पर फोड़े जाते हैं। गणेश चतुर्थी सड़कों पर मनाई जाती है। मुरादाबाद में नमाज छूटने पर कुछ युवकों ने हंगामा कर दिया। उनका कहना था कि सुरक्षा के नाम पर उनको जगह-जगह चेक किया। ऐसे में वह समय से ईदगाह नहीं पहुंच पाए। इसके बाद ईदगाह में दोबारा नमाज पढ़वाई गई। संभल में 10 कंपनी फोर्स तैनात की गई। मस्जिदों के आसपास 1300 सीसीटीवी लगाए गए। जामा मस्जिद के आसपास का इलाका छावनी बना रहा। ड्रोन से निगरानी की गई। वहीं, मेरठ के सिवालखास कस्बे में मुस्लिम समुदाय के दो गुटों में बवाल हो गया। इस दौरान जमकर पत्थर चले, फायरिंग हुई। इसमें कई लोग घायल हो गए। संभल सांसद बोले- सड़क पर 10 मिनट की नमाज से आपत्ति क्यों?
संभल सांसद जियाउर्रहमान बर्क भी शाही ईदगाह में नमाज पढ़ने पहुंचे। उन्होंने कहा- इस देश में दोहरा मापदंड नहीं होना चाहिए। एक तरफ सड़क बंद करके त्योहार मनाया जा सकता है। दूसरी तरफ 10 मिनट की नमाज से आपत्ति क्यों? सहारनपुर में कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के खिलाफ नारेबाजी
सहारनपुर में नमाजियों ने फिलिस्तीन का झंडा लहराया। समर्थन में नारेबाजी की। कहा- फिलिस्तीन में मुस्लिम समाज के लोगों पर जुल्म हो रहा है। होली पर रंग खेलने और बयानबाजी को लेकर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के खिलाफ भी नारेबाजी की। 5 तस्वीरें देखिए- अखिलेश बोले- मुझे ईदगाह आने से रोका गया
सपा प्रमुख अखिलेश यादव लखनऊ ईदगाह पहुंचे। उन्होंने वहां नमाजियों को ईद की बधाई दी। इस दौरान मीडिया से बातचीत में कहा- पुलिस ने मुझे यहां आने से रोका। मुश्किल से यहां आ सका हूं। रास्ते में कभी इतनी बैरिकेडिंग नहीं की गई। उन्होंने कहा- आधे घंटे तक मेरी फ्लीट रोकी गई। मैंने वजह पूछी तो किसी अफसर के पास कोई जवाब नहीं था। इसे तानाशाही समझूं या इमरजेंसी। आज सबसे बड़ा खतरा देश के संविधान को है। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और स्वामी सारंगी भी लखनऊ ईदगाह पहुंचे। हालांकि, अखिलेश के पहुंचने से पहले डिप्टी सीएम वहां से निकल गए। बाबरी मस्जिद के पक्षकार भावुक हुए
अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद भी नमाजियों से मिलने पहुंचे। गले लगाकर बधाई दी। वहीं, बाबरी के पैरोकार रहे इकबाल अंसारी भावुक नजर आए। कहा- इस ईद पर रामलला के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास की कमी खल रही है। वे हर ईद पर आकर मेरे आवास पर मुझसे मिलते थे, बधाई देते थे। बता दें कि आचार्य दास का 13 फरवरी को लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया था। यूपी में करीब 30 हजार मस्जिदों और 40 हजार ईदगाहों में ईद की नमाज पढ़ी गई। यूपी में ईद से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए…
यूपी में सोमवार को कड़ी सुरक्षा में ईद की नमाज हुई। वाराणसी जामा मस्जिद में एक साथ बड़ी संख्या में नमाजी पहुंचे। सड़क पर पढ़ने की अनुमति न होने के चलते कुछ लोगों ने सीढ़ियों पर नमाज अदा की। मेरठ में ईद की नमाज के बाद कुछ मुस्लिम युवक एक पोस्टर लेकर सड़क पर आ गए। इस पर लिखा था- सड़कों पर सिर्फ मुस्लिम ही नमाज नहीं पढ़ते। शिवरात्रि सड़कों पर मनती है। कांवड़ यात्रा सड़क पर निकलती है। रामनवमी यात्रा सड़क पर निकलती है। दिवाली पर पटाखे सड़क पर फोड़े जाते हैं। गणेश चतुर्थी सड़कों पर मनाई जाती है। मुरादाबाद में नमाज छूटने पर कुछ युवकों ने हंगामा कर दिया। उनका कहना था कि सुरक्षा के नाम पर उनको जगह-जगह चेक किया। ऐसे में वह समय से ईदगाह नहीं पहुंच पाए। इसके बाद ईदगाह में दोबारा नमाज पढ़वाई गई। संभल में 10 कंपनी फोर्स तैनात की गई। मस्जिदों के आसपास 1300 सीसीटीवी लगाए गए। जामा मस्जिद के आसपास का इलाका छावनी बना रहा। ड्रोन से निगरानी की गई। वहीं, मेरठ के सिवालखास कस्बे में मुस्लिम समुदाय के दो गुटों में बवाल हो गया। इस दौरान जमकर पत्थर चले, फायरिंग हुई। इसमें कई लोग घायल हो गए। संभल सांसद बोले- सड़क पर 10 मिनट की नमाज से आपत्ति क्यों?
संभल सांसद जियाउर्रहमान बर्क भी शाही ईदगाह में नमाज पढ़ने पहुंचे। उन्होंने कहा- इस देश में दोहरा मापदंड नहीं होना चाहिए। एक तरफ सड़क बंद करके त्योहार मनाया जा सकता है। दूसरी तरफ 10 मिनट की नमाज से आपत्ति क्यों? सहारनपुर में कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के खिलाफ नारेबाजी
सहारनपुर में नमाजियों ने फिलिस्तीन का झंडा लहराया। समर्थन में नारेबाजी की। कहा- फिलिस्तीन में मुस्लिम समाज के लोगों पर जुल्म हो रहा है। होली पर रंग खेलने और बयानबाजी को लेकर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के खिलाफ भी नारेबाजी की। 5 तस्वीरें देखिए- अखिलेश बोले- मुझे ईदगाह आने से रोका गया
सपा प्रमुख अखिलेश यादव लखनऊ ईदगाह पहुंचे। उन्होंने वहां नमाजियों को ईद की बधाई दी। इस दौरान मीडिया से बातचीत में कहा- पुलिस ने मुझे यहां आने से रोका। मुश्किल से यहां आ सका हूं। रास्ते में कभी इतनी बैरिकेडिंग नहीं की गई। उन्होंने कहा- आधे घंटे तक मेरी फ्लीट रोकी गई। मैंने वजह पूछी तो किसी अफसर के पास कोई जवाब नहीं था। इसे तानाशाही समझूं या इमरजेंसी। आज सबसे बड़ा खतरा देश के संविधान को है। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और स्वामी सारंगी भी लखनऊ ईदगाह पहुंचे। हालांकि, अखिलेश के पहुंचने से पहले डिप्टी सीएम वहां से निकल गए। बाबरी मस्जिद के पक्षकार भावुक हुए
अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद भी नमाजियों से मिलने पहुंचे। गले लगाकर बधाई दी। वहीं, बाबरी के पैरोकार रहे इकबाल अंसारी भावुक नजर आए। कहा- इस ईद पर रामलला के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास की कमी खल रही है। वे हर ईद पर आकर मेरे आवास पर मुझसे मिलते थे, बधाई देते थे। बता दें कि आचार्य दास का 13 फरवरी को लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया था। यूपी में करीब 30 हजार मस्जिदों और 40 हजार ईदगाहों में ईद की नमाज पढ़ी गई। यूपी में ईद से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए…