पंजाब के लुधियाना में पुलिस ने पाकिस्तान और उसकी खुफिया एजेंसी आईएसआई की ओर से संचालित किए जा रहे मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने पाकिस्तानी हैंडलर्स के इशारों पर काम कर रहे 10 बड़े गुर्गों को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ये आरोपी मलेशिया में बैठे तीन गुर्गों के माध्यम से पाकिस्तान हैंडलर्स के संपर्क में थे, ताकि हैंड ग्रेनेड को भारत पहुंचाया जा सके। हैंडलर्स द्वारा आरोपियों को पंजाब में अशांति पैदा करने के लिए आबादी वाले क्षेत्र में ग्रेनेड हमला करने का काम सौंपा गया था। मगर, हमले से पहले ही पुलिस ने इन्हें दबोच लिया है, जिनमें मलेशिया में बैठे राजस्थान निवासी गुर्गे अजय का भाई भी शामिल है। पुलिस अब इन्हें रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही है, ताकि इन लोगों के भारत में सभी कॉन्टैक्ट्स तक पहुंचा जा सके। पंजाब पुलिस खंगाल रही पूरा नेटवर्क
पुलिस की ओर से गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। इनमें पंजाब के फरीदकोट के सुखजीत सिंह उर्फ सुख बराड़, सुखविंदर सिंह, श्री मुक्तसर साहिब के साजन कुमार उर्फ संजू, कुलदीप सिंह, शेखर सिंह और अजय सिंह उर्फ अजय शामिल है। इसके अलावा राजस्थान के श्रीगंगानगर का रहने वाला करणवीर सिंह उर्फ विक्की भी शामिल है। अजय मलेशिया का भाई प्रोडक्शन वारंट पर
विदेश में बैठे अजय मलेशिया के स्थानीय साथी अमरीक सिंह तथा परमिंदर उर्फ चिरी थे, इनको भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है जबकि अजय मलेशिया के भाई अजय सिंह को पुलिस जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। अमरीक सिंह, परमिंदर सिंह उर्फ चिरी और विजय को मिलाकर कुल 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। DGP बोले- आतंकी नेटवर्क को खत्म करके रहेंगे
DGP गौरव यादव ने इस मामले से जुड़ी जानकारी X पर साझा की। उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस आतंकवाद को खत्म करने और सीमा पार आतंकी नेटवर्क को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है ताकि पंजाब में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा आज इस मामले में प्रेसवार्ता भी करेंगे। पांचों आरोपियों का बैकग्राउंड भी सामने आए.. मलेशिया में बैठे अजय की भी तस्वीर भी सामने आई
लुधियाना में 6 दिन पहले पुलिस को दो युवकों से चेकिंग दौरान हैंड ग्रेनेड मिला था। हैंड ग्रेनेड भेजने वाले मास्टर माइंड अजय मलेशिया की अभी तक किसी ने तस्वीर नहीं देखी थी। पुलिस को भी अजय के चेहरा नहीं पता था। उसके भाई विजय को राजस्थान की जेल से प्रोडक्शन वारंट पर पुलिस लाई है, ताकि अजय मलेशिया की पहचान हो सके। भीड़ वाली जगह थी टारगेट
अजय लुधियाना में धमाका करने की साजिश रच रहा था, जिसे पुलिस ने नाकाम कर दिया गया। उसके टारगेट पर भीड़ वाली जगह थी। वह छठ पूजा स्थल को निशाना बनाना चाहता था। जिसमें हजारों लोग पहुंचने थे। इस कारण पुलिस कई एंगलों पर जांच कर रही है। राजस्थान का रहने वाला है अजय
सूत्रों के मुताबिक, राजस्थान का रहने वाला अजय मलेशिया में रहकर पंजाब के अपराधियों और ड्रग तस्करों के संपर्क में था। उसने स्थानीय लोगों के जरिए इस हमले को अंजाम देने की योजना बनाई थी। पुलिस ने जो चीनी हैंड ग्रेनेड बरामद किया था, उसी से धमाका करने की साजिश थी। —————–
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लुधियाना हैंड ग्रेनेड केस, मास्टरमाइंड की फोटो आई सामने:ISI से जुड़ा मामला, छठ पूजा पर धमाके की साजिश; आरोपियों की आज कोर्ट में पेशी लुधियाना में 6 दिन पहले पुलिस को दो युवकों से चेकिंग दौरान हैंड ग्रेनेड मिला था। हैंड ग्रेनेड भेजने वाले मास्टर माइंड अजय मलेशिया की अभी तक किसी ने तस्वीर नहीं देखी थी। पुलिस को भी अजय के चेहरा नहीं पता था। उसके भाई विजय को राजस्थान की जेल से प्रोडक्शन वारंट पर पुलिस लाई है, ताकि अजय मलेशिया की पहचान हो सके। (पूरी खबर पढ़ें)
पंजाब के लुधियाना में पुलिस ने पाकिस्तान और उसकी खुफिया एजेंसी आईएसआई की ओर से संचालित किए जा रहे मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने पाकिस्तानी हैंडलर्स के इशारों पर काम कर रहे 10 बड़े गुर्गों को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ये आरोपी मलेशिया में बैठे तीन गुर्गों के माध्यम से पाकिस्तान हैंडलर्स के संपर्क में थे, ताकि हैंड ग्रेनेड को भारत पहुंचाया जा सके। हैंडलर्स द्वारा आरोपियों को पंजाब में अशांति पैदा करने के लिए आबादी वाले क्षेत्र में ग्रेनेड हमला करने का काम सौंपा गया था। मगर, हमले से पहले ही पुलिस ने इन्हें दबोच लिया है, जिनमें मलेशिया में बैठे राजस्थान निवासी गुर्गे अजय का भाई भी शामिल है। पुलिस अब इन्हें रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही है, ताकि इन लोगों के भारत में सभी कॉन्टैक्ट्स तक पहुंचा जा सके। पंजाब पुलिस खंगाल रही पूरा नेटवर्क
पुलिस की ओर से गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। इनमें पंजाब के फरीदकोट के सुखजीत सिंह उर्फ सुख बराड़, सुखविंदर सिंह, श्री मुक्तसर साहिब के साजन कुमार उर्फ संजू, कुलदीप सिंह, शेखर सिंह और अजय सिंह उर्फ अजय शामिल है। इसके अलावा राजस्थान के श्रीगंगानगर का रहने वाला करणवीर सिंह उर्फ विक्की भी शामिल है। अजय मलेशिया का भाई प्रोडक्शन वारंट पर
विदेश में बैठे अजय मलेशिया के स्थानीय साथी अमरीक सिंह तथा परमिंदर उर्फ चिरी थे, इनको भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है जबकि अजय मलेशिया के भाई अजय सिंह को पुलिस जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। अमरीक सिंह, परमिंदर सिंह उर्फ चिरी और विजय को मिलाकर कुल 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। DGP बोले- आतंकी नेटवर्क को खत्म करके रहेंगे
DGP गौरव यादव ने इस मामले से जुड़ी जानकारी X पर साझा की। उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस आतंकवाद को खत्म करने और सीमा पार आतंकी नेटवर्क को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है ताकि पंजाब में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा आज इस मामले में प्रेसवार्ता भी करेंगे। पांचों आरोपियों का बैकग्राउंड भी सामने आए.. मलेशिया में बैठे अजय की भी तस्वीर भी सामने आई
लुधियाना में 6 दिन पहले पुलिस को दो युवकों से चेकिंग दौरान हैंड ग्रेनेड मिला था। हैंड ग्रेनेड भेजने वाले मास्टर माइंड अजय मलेशिया की अभी तक किसी ने तस्वीर नहीं देखी थी। पुलिस को भी अजय के चेहरा नहीं पता था। उसके भाई विजय को राजस्थान की जेल से प्रोडक्शन वारंट पर पुलिस लाई है, ताकि अजय मलेशिया की पहचान हो सके। भीड़ वाली जगह थी टारगेट
अजय लुधियाना में धमाका करने की साजिश रच रहा था, जिसे पुलिस ने नाकाम कर दिया गया। उसके टारगेट पर भीड़ वाली जगह थी। वह छठ पूजा स्थल को निशाना बनाना चाहता था। जिसमें हजारों लोग पहुंचने थे। इस कारण पुलिस कई एंगलों पर जांच कर रही है। राजस्थान का रहने वाला है अजय
सूत्रों के मुताबिक, राजस्थान का रहने वाला अजय मलेशिया में रहकर पंजाब के अपराधियों और ड्रग तस्करों के संपर्क में था। उसने स्थानीय लोगों के जरिए इस हमले को अंजाम देने की योजना बनाई थी। पुलिस ने जो चीनी हैंड ग्रेनेड बरामद किया था, उसी से धमाका करने की साजिश थी। —————–
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