जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले के बाद हरियाणा के 18 नवविवाहित जोड़ों ने हनीमून ट्रिप कैंसिल करा दी है। ये सब 5 मई तक जम्मू जाने वाले थे। रोहतक के मॉडल टाउन की टूर एंड ट्रैवल एजेंसी के मालिक मनीष कादियान ने कहा- हम जम्मू कश्मीर में हनीमून ट्रिप के लिए एक बस चला रहे थे। इसमें 5 मई तक 3 डेट बुक की गई थी। जिसमें 18 कपल्स को जाना था। पहलगाम में हमला होते ही सबने कॉल कर बुकिंग कैंसिल करा दी है। रोहतक जैसे ही प्रदेश के बाकी शहरों से भी पहलगाम में टूरिस्टों की हत्या के बाद बुकिंग गिरी है। खासकर, करनाल के नेवी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की हनीमून के दौरान हत्या के बाद नवविवाहित जोड़े जम्मू कश्मीर से दूरी बना रहे हैं। दैनिक भास्कर ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद प्रदेश भर के प्रमुख टूर एंड ट्रैवल्स एजेंसी चलाने वाले संचालकों से बात की। जिसमें हरियाणा टूर एंड ट्रैवल एजेंसी के प्रोपराइटर संदीप ने कहा- हरियाणा से इस बार करीब 70 हजार लोगों ने कश्मीर जाने का प्लान किया था। जिसकी क्वेरीज लेने के बाद टूर पैकेज भी डिसाइड कर लिए थे, लेकिन पहलगाम की घटना के बाद ये सभी रजिस्ट्रेशन कैंसिल हो गए हैं। सबसे पहले जानिए, कश्मीर में क्या हुआ
22 अप्रैल को दोपहर आतंकियों ने पहलगाम की बैसरन घाटी में टूरिस्टों पर हमला कर दिया। इस दौरान 26 टूरिस्ट की गोली मारकर हत्या कर दी गई। करनाल के नेवी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल भी पत्नी हिमांशी के साथ हनीमून मनाने गए थे। मगर, शादी के 7वें दिन ही पत्नी हिमांशी के सामने उनकी 3 गोलियां मारकर हत्या कर दी गई। इसके बाद हिमांशी का ही एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने बताया कि आतंकियों ने नाम पूछकर गोली मारी है। हरियाणा के प्रमुख जिलों के टूर एंड ट्रैवल एजेंसी संचालकों ने क्या कहा… हिसार: मटका चौक भाईचारा टैक्सी एसोसिएशन के प्रधान महेन्द्र सिंह राणा ने बताया- स्टैंड से 550 टैक्सी चलती हैं। जम्मू कश्मीर में हमले के बाद लोग टूर रद्द कर रहे हैं। लोग फोन कर बुकिंग रद्द करवा रहे हैं। पंघाल टूर एंड ट्रैवल के मालिक कुलदीप पंघाल ने बताया कि कोलकाता की एक व्यापारी फैमिली ने दिल्ली से जम्मू और श्रीनगर जाने के लिए 7 सीटर किया क्रेंज बुक की थी। मगर, पहलगाम में आतंकी हमले के बाद सारा पैकेज रद्द कर दिया गया। व्यापारी परिवार ने हमें कहा कि उनको डर था कि कहीं वहां जाकर कोई घटना या अनहोनी ना हो जाए। 50 लोगों की एक बस की बुकिंग कैंसिल हो गई निजी बस संचालक जयबीर गिल ने बताया कि पहले श्रीनगर के लिए रोजाना 2 से 3 कॉल आती थीं, लेकिन अब इसकी कोई क्वेरी नहीं आ रही है। शांतिनगर में रहने वाले सोनू असीजा ने बताया कि उन्होंने अपने परिवार के साथ श्रीनगर जाना था। हमने टूर एंड ट्रैवल्स के माध्यम से एक ट्रैवलर गाड़ी बुक करवाई थी। मगर पहलगाम में आतंकी हमले के बाद परिवार डर गया और बुकिंग कैंसिल करवाई। अब जब तक श्रीनगर में माहौल ठीक नहीं हो जाता वह नहीं जाएंगे। कैथल: टूर एंड ट्रैवल एजेंसी संचालक सुखबीर सिंह चहल ने बताया कि पिछले वर्ष उनके पास जम्मू कश्मीर व लेह लद्दाख के लिए करीब 7 बुकिंग आई थीं। इस बार अब तक 1 बुकिंग आई है। हमले के बाद कोई बुकिंग नहीं है। आगे बुकिंग भी शायद न हो। 2019 में पुलवामा हमले के बाद भी ऐसा ही हुआ था। उनके पास मई व जून में ज्यादा बुकिंग आती है। इस बार संभावनाएं कम हो गई हैं। करनाल: ए एंड हॉलिडे ट्रैवल के मालिक रजत गुप्ता ने बताया के इस मंथ में हमारे पास जम्मू कश्मीर के लिए 8 बुकिंग आई थीं, जो अगले महीने से जानी थी। मगर, मंगलवार को आतंकी हमले के बाद सभी ने अपनी बुकिंग कैंसिल कर दी है। फतेहाबाद: यहां से पिछले साल करीब 200 लोग कश्मीर गए थे। इस बार 35 से 40 लोगों की बुकिंग थी, लेकिन अब कैंसिल हो गई। फतेहाबाद के राही ट्रिप के संचालक दीपेश बंसल बताते हैं कि उन्होंने 12 लोगों को पैकेज दिया था। वह पैकेज कैंसिल हो गया है। लोग इस समय के हालात में कश्मीर नहीं जाना चाह रहे। टोहाना से ट्रैवल एजेंट संदीप गोयल ने बताया कि पहले रूटीन में रोजाना 3 से 5 कॉल कश्मीर के टूर पैकेज के लिए आती थीं। मगर अब एक भी नहीं आ रही। हालांकि, फतेहाबाद से 16 लोगों के एक ग्रुप ने 8 जून का कश्मीर टूर पैकेज लिया हुआ है, जिसको अभी कैंसिल नहीं करवाया है। इस ग्रुप के सदस्य विजय मेहता ने कहा- अगर हम नहीं जाएंगे तो आतंकियों के मंसूबे कामयाब हो जाएंगे और यही तो आतंकी चाहते हैं। हमें हमारी आर्मी पर पूरा भरोसा है, निश्चित रूप से जून तक हालात पूरी तरह सामान्य हो जाएंगे। गुरुग्राम: यहां 5 टूर ऑपरेटर से बात की गई। उन्होंने कहा कि 50% बुकिंग होल्ड या कैंसिल हो रही हैं। कश्मीर के लिए अगले एक महीने में 50 से ज्यादा बुकिंग हो चुकी थीं। स्काई विंग्स की को-फाउंडर अनिता ने बताया- हमारे पास कुछ बुकिंग थीं, जिसमें से एक ग्रुप ने अपनी यात्रा होल्ड करवाई है। हर साल बड़ी संख्या में गुरुग्राम से लोग कश्मीर में जाते हैं। सिरसा: यहां के टैक्सी ऑपरेटर ने बताया- फिलहाल जम्मू कश्मीर की लिए सभी टैक्सी बुकिंग कैंसिल हो गई है। पहले छुटिट्यों के सीजन की वजह से रोजाना 15 से 20 टैक्सियों की बुकिंग हो जाती थी। पंचकूला: यहां कश्मीर जाने वाली 80% से अधिक बुकिंग रद्द हो गई हैं। पंचकूला के एक ट्रैवल एजेंट्स ने बताया कि टूरिस्ट अब यात्रा से डर रहे हैं और अपनी बुकिंग रद्द या स्थगित कर रहे हैं। इसके बजाय लोग अब हिमाचल, उत्तराखंड या दक्षिण भारत जा रहे हैं। ट्रैवल एजेंसियों ने भी टूरिस्ट पर अटैक होने के बाद अस्थायी रूप से कश्मीर की बुकिंग्स बंद कर दी हैं। वे कश्मीर के बजाय लोगों को मनाली, धर्मशाला या केरल जाने की सलाह दे रही हैं। कई ट्रैवल एजेंट्स से टूरिस्ट रिफंड और टूर की रिशेड्यूलिंग की मांग कर रहे हैं। फरीदाबाद: यहां 100 से ज्यादा टूरिस्टों ने जम्मू कश्मीर का टूर पैकेज कैंसिल कर दिया है। ट्रैवल एजेंसियों के मुताबिक कश्मीर टूरिस्टों की पहली पसंद होता था। मगर, पहलगाम आतंकी हमले के बाद सब डरे हुए हैं। इन जिलों में कोई बुकिंग नहीं
प्रदेश के जींद, रेवाड़ी, कुरुक्षेत्र, नारनौल, चरखी दादरी, झज्जर, नूंह, भिवानी में कश्मीर को लेकर कोई बुकिंग नहीं है। ——————— ये खबरें भी पढ़ें… पहलगाम हमले में मारे गए नेवी लेफ्टिनेंट का अंतिम संस्कार, बहन ने मुखाग्नि-कंधा दिया जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले में मारे गए नेवी के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल का बुधवार (23 अप्रैल) को करनाल में अंतिम संस्कार कर दिया गया। CM नायब सैनी और पूर्व डिप्टी CM दुष्यंत चौटाला भी श्रद्धांजलि देने पहुंचे। विनय की बहन CM नायब सैनी के सामने फूट-फूट कर रोई। पूरी खबर पढ़ें… शादी के 7वें दिन हरियाणा के लेफ्टिनेंट को गोली मारी, यूरोप वीजा नहीं मिला तो हनीमून मनाने पहलगाम गए थे जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को आतंकियों ने जिन टूरिस्ट की हत्या की, उनमें हरियाणा के करनाल के रहने वाले नेवी के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल भी थे। वह 3 साल पहले ही नेवी में भर्ती हुए थे। उनकी 7 दिन पहले ही मसूरी में डेस्टिनेशन वेडिंग हुई थी। इसके बाद वह पत्नी हिमांशी के साथ हनीमून मनाने के लिए पहलगाम गए थे। दादा हवा सिंह ने बताया- पहले विनय-हिमांशी हनीमून मनाने के लिए यूरोप जा रहे थे। लेकिन, ऐन मौके पर वीजा नहीं मिला तो वे जम्मू-कश्मीर चले गए। दादा हवा सिंह रुंधे गले से कहते हैं। काश, उनका यूरोप का वीजा लग जाता तो पोता विनय आज हमारे बीच होता. (लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की पूरी कहानी पढ़ें…)
जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले के बाद हरियाणा के 18 नवविवाहित जोड़ों ने हनीमून ट्रिप कैंसिल करा दी है। ये सब 5 मई तक जम्मू जाने वाले थे। रोहतक के मॉडल टाउन की टूर एंड ट्रैवल एजेंसी के मालिक मनीष कादियान ने कहा- हम जम्मू कश्मीर में हनीमून ट्रिप के लिए एक बस चला रहे थे। इसमें 5 मई तक 3 डेट बुक की गई थी। जिसमें 18 कपल्स को जाना था। पहलगाम में हमला होते ही सबने कॉल कर बुकिंग कैंसिल करा दी है। रोहतक जैसे ही प्रदेश के बाकी शहरों से भी पहलगाम में टूरिस्टों की हत्या के बाद बुकिंग गिरी है। खासकर, करनाल के नेवी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की हनीमून के दौरान हत्या के बाद नवविवाहित जोड़े जम्मू कश्मीर से दूरी बना रहे हैं। दैनिक भास्कर ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद प्रदेश भर के प्रमुख टूर एंड ट्रैवल्स एजेंसी चलाने वाले संचालकों से बात की। जिसमें हरियाणा टूर एंड ट्रैवल एजेंसी के प्रोपराइटर संदीप ने कहा- हरियाणा से इस बार करीब 70 हजार लोगों ने कश्मीर जाने का प्लान किया था। जिसकी क्वेरीज लेने के बाद टूर पैकेज भी डिसाइड कर लिए थे, लेकिन पहलगाम की घटना के बाद ये सभी रजिस्ट्रेशन कैंसिल हो गए हैं। सबसे पहले जानिए, कश्मीर में क्या हुआ
22 अप्रैल को दोपहर आतंकियों ने पहलगाम की बैसरन घाटी में टूरिस्टों पर हमला कर दिया। इस दौरान 26 टूरिस्ट की गोली मारकर हत्या कर दी गई। करनाल के नेवी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल भी पत्नी हिमांशी के साथ हनीमून मनाने गए थे। मगर, शादी के 7वें दिन ही पत्नी हिमांशी के सामने उनकी 3 गोलियां मारकर हत्या कर दी गई। इसके बाद हिमांशी का ही एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने बताया कि आतंकियों ने नाम पूछकर गोली मारी है। हरियाणा के प्रमुख जिलों के टूर एंड ट्रैवल एजेंसी संचालकों ने क्या कहा… हिसार: मटका चौक भाईचारा टैक्सी एसोसिएशन के प्रधान महेन्द्र सिंह राणा ने बताया- स्टैंड से 550 टैक्सी चलती हैं। जम्मू कश्मीर में हमले के बाद लोग टूर रद्द कर रहे हैं। लोग फोन कर बुकिंग रद्द करवा रहे हैं। पंघाल टूर एंड ट्रैवल के मालिक कुलदीप पंघाल ने बताया कि कोलकाता की एक व्यापारी फैमिली ने दिल्ली से जम्मू और श्रीनगर जाने के लिए 7 सीटर किया क्रेंज बुक की थी। मगर, पहलगाम में आतंकी हमले के बाद सारा पैकेज रद्द कर दिया गया। व्यापारी परिवार ने हमें कहा कि उनको डर था कि कहीं वहां जाकर कोई घटना या अनहोनी ना हो जाए। 50 लोगों की एक बस की बुकिंग कैंसिल हो गई निजी बस संचालक जयबीर गिल ने बताया कि पहले श्रीनगर के लिए रोजाना 2 से 3 कॉल आती थीं, लेकिन अब इसकी कोई क्वेरी नहीं आ रही है। शांतिनगर में रहने वाले सोनू असीजा ने बताया कि उन्होंने अपने परिवार के साथ श्रीनगर जाना था। हमने टूर एंड ट्रैवल्स के माध्यम से एक ट्रैवलर गाड़ी बुक करवाई थी। मगर पहलगाम में आतंकी हमले के बाद परिवार डर गया और बुकिंग कैंसिल करवाई। अब जब तक श्रीनगर में माहौल ठीक नहीं हो जाता वह नहीं जाएंगे। कैथल: टूर एंड ट्रैवल एजेंसी संचालक सुखबीर सिंह चहल ने बताया कि पिछले वर्ष उनके पास जम्मू कश्मीर व लेह लद्दाख के लिए करीब 7 बुकिंग आई थीं। इस बार अब तक 1 बुकिंग आई है। हमले के बाद कोई बुकिंग नहीं है। आगे बुकिंग भी शायद न हो। 2019 में पुलवामा हमले के बाद भी ऐसा ही हुआ था। उनके पास मई व जून में ज्यादा बुकिंग आती है। इस बार संभावनाएं कम हो गई हैं। करनाल: ए एंड हॉलिडे ट्रैवल के मालिक रजत गुप्ता ने बताया के इस मंथ में हमारे पास जम्मू कश्मीर के लिए 8 बुकिंग आई थीं, जो अगले महीने से जानी थी। मगर, मंगलवार को आतंकी हमले के बाद सभी ने अपनी बुकिंग कैंसिल कर दी है। फतेहाबाद: यहां से पिछले साल करीब 200 लोग कश्मीर गए थे। इस बार 35 से 40 लोगों की बुकिंग थी, लेकिन अब कैंसिल हो गई। फतेहाबाद के राही ट्रिप के संचालक दीपेश बंसल बताते हैं कि उन्होंने 12 लोगों को पैकेज दिया था। वह पैकेज कैंसिल हो गया है। लोग इस समय के हालात में कश्मीर नहीं जाना चाह रहे। टोहाना से ट्रैवल एजेंट संदीप गोयल ने बताया कि पहले रूटीन में रोजाना 3 से 5 कॉल कश्मीर के टूर पैकेज के लिए आती थीं। मगर अब एक भी नहीं आ रही। हालांकि, फतेहाबाद से 16 लोगों के एक ग्रुप ने 8 जून का कश्मीर टूर पैकेज लिया हुआ है, जिसको अभी कैंसिल नहीं करवाया है। इस ग्रुप के सदस्य विजय मेहता ने कहा- अगर हम नहीं जाएंगे तो आतंकियों के मंसूबे कामयाब हो जाएंगे और यही तो आतंकी चाहते हैं। हमें हमारी आर्मी पर पूरा भरोसा है, निश्चित रूप से जून तक हालात पूरी तरह सामान्य हो जाएंगे। गुरुग्राम: यहां 5 टूर ऑपरेटर से बात की गई। उन्होंने कहा कि 50% बुकिंग होल्ड या कैंसिल हो रही हैं। कश्मीर के लिए अगले एक महीने में 50 से ज्यादा बुकिंग हो चुकी थीं। स्काई विंग्स की को-फाउंडर अनिता ने बताया- हमारे पास कुछ बुकिंग थीं, जिसमें से एक ग्रुप ने अपनी यात्रा होल्ड करवाई है। हर साल बड़ी संख्या में गुरुग्राम से लोग कश्मीर में जाते हैं। सिरसा: यहां के टैक्सी ऑपरेटर ने बताया- फिलहाल जम्मू कश्मीर की लिए सभी टैक्सी बुकिंग कैंसिल हो गई है। पहले छुटिट्यों के सीजन की वजह से रोजाना 15 से 20 टैक्सियों की बुकिंग हो जाती थी। पंचकूला: यहां कश्मीर जाने वाली 80% से अधिक बुकिंग रद्द हो गई हैं। पंचकूला के एक ट्रैवल एजेंट्स ने बताया कि टूरिस्ट अब यात्रा से डर रहे हैं और अपनी बुकिंग रद्द या स्थगित कर रहे हैं। इसके बजाय लोग अब हिमाचल, उत्तराखंड या दक्षिण भारत जा रहे हैं। ट्रैवल एजेंसियों ने भी टूरिस्ट पर अटैक होने के बाद अस्थायी रूप से कश्मीर की बुकिंग्स बंद कर दी हैं। वे कश्मीर के बजाय लोगों को मनाली, धर्मशाला या केरल जाने की सलाह दे रही हैं। कई ट्रैवल एजेंट्स से टूरिस्ट रिफंड और टूर की रिशेड्यूलिंग की मांग कर रहे हैं। फरीदाबाद: यहां 100 से ज्यादा टूरिस्टों ने जम्मू कश्मीर का टूर पैकेज कैंसिल कर दिया है। ट्रैवल एजेंसियों के मुताबिक कश्मीर टूरिस्टों की पहली पसंद होता था। मगर, पहलगाम आतंकी हमले के बाद सब डरे हुए हैं। इन जिलों में कोई बुकिंग नहीं
प्रदेश के जींद, रेवाड़ी, कुरुक्षेत्र, नारनौल, चरखी दादरी, झज्जर, नूंह, भिवानी में कश्मीर को लेकर कोई बुकिंग नहीं है। ——————— ये खबरें भी पढ़ें… पहलगाम हमले में मारे गए नेवी लेफ्टिनेंट का अंतिम संस्कार, बहन ने मुखाग्नि-कंधा दिया जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले में मारे गए नेवी के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल का बुधवार (23 अप्रैल) को करनाल में अंतिम संस्कार कर दिया गया। CM नायब सैनी और पूर्व डिप्टी CM दुष्यंत चौटाला भी श्रद्धांजलि देने पहुंचे। विनय की बहन CM नायब सैनी के सामने फूट-फूट कर रोई। पूरी खबर पढ़ें… शादी के 7वें दिन हरियाणा के लेफ्टिनेंट को गोली मारी, यूरोप वीजा नहीं मिला तो हनीमून मनाने पहलगाम गए थे जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को आतंकियों ने जिन टूरिस्ट की हत्या की, उनमें हरियाणा के करनाल के रहने वाले नेवी के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल भी थे। वह 3 साल पहले ही नेवी में भर्ती हुए थे। उनकी 7 दिन पहले ही मसूरी में डेस्टिनेशन वेडिंग हुई थी। इसके बाद वह पत्नी हिमांशी के साथ हनीमून मनाने के लिए पहलगाम गए थे। दादा हवा सिंह ने बताया- पहले विनय-हिमांशी हनीमून मनाने के लिए यूरोप जा रहे थे। लेकिन, ऐन मौके पर वीजा नहीं मिला तो वे जम्मू-कश्मीर चले गए। दादा हवा सिंह रुंधे गले से कहते हैं। काश, उनका यूरोप का वीजा लग जाता तो पोता विनय आज हमारे बीच होता. (लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की पूरी कहानी पढ़ें…)