प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 1984 में हुए सिख कत्लेआम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने सिखों की मदद की थी। RSS कार्यकर्ताओं ने कई कई सिख परिवारों को अपने घरों में शरण दी थी। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि पंजाब में बाढ़ के समय भी RSS कार्यकर्ता सबसे पहले पीड़ितों के पास पहुंचे थे। वहां संघ के कार्यकर्ताओं ने बिना स्वार्थ सेवा की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संघ के गठन के 100 वर्ष पूरे होने पर दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। इसको लेकर भाजपा के प्रवक्ता आरपीएन सिंह ने कहा कि वह भी इन दंगों में इसी वजह से बच पाए थे, क्योंकि उस समय आरएसएस ने उनकी मदद की। उस समय उसके माता-पिता भी उनके साथ थे। वहीं, एसजीपीसी मेंबर गुरचरण सिंह ग्रेवाल ने कहा कि कई हिंदू परिवारों ने सिखों की जान बचाई थी। हालांकि, वह RSS वाले थे या नहीं, इस बारे में जानकारी नहीं। उन्होंने कहा- RSS अपने हिंदू धर्म के लिए काम कर रही है। जबकि, सिख संस्थाएं अपने धर्म के लिए करती हैं। उस दौरान कांग्रेस ने जो जुल्म हम पर किया, वह दीवार पर लिखा हुआ है। उसे भुलाया नहीं जा सकता है। 1984 सिख दंगों के बारे में जानिए…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 1984 में हुए सिख कत्लेआम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने सिखों की मदद की थी। RSS कार्यकर्ताओं ने कई कई सिख परिवारों को अपने घरों में शरण दी थी। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि पंजाब में बाढ़ के समय भी RSS कार्यकर्ता सबसे पहले पीड़ितों के पास पहुंचे थे। वहां संघ के कार्यकर्ताओं ने बिना स्वार्थ सेवा की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संघ के गठन के 100 वर्ष पूरे होने पर दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। इसको लेकर भाजपा के प्रवक्ता आरपीएन सिंह ने कहा कि वह भी इन दंगों में इसी वजह से बच पाए थे, क्योंकि उस समय आरएसएस ने उनकी मदद की। उस समय उसके माता-पिता भी उनके साथ थे। वहीं, एसजीपीसी मेंबर गुरचरण सिंह ग्रेवाल ने कहा कि कई हिंदू परिवारों ने सिखों की जान बचाई थी। हालांकि, वह RSS वाले थे या नहीं, इस बारे में जानकारी नहीं। उन्होंने कहा- RSS अपने हिंदू धर्म के लिए काम कर रही है। जबकि, सिख संस्थाएं अपने धर्म के लिए करती हैं। उस दौरान कांग्रेस ने जो जुल्म हम पर किया, वह दीवार पर लिखा हुआ है। उसे भुलाया नहीं जा सकता है। 1984 सिख दंगों के बारे में जानिए…