हरियाणा के झज्जर जिले के गांव माजरा की करीना कादियान ने सीएसआईआर-यूजीसी नेट परीक्षा में देशभर में पहला स्थान हासिल किया। किसान परिवार से संबंध रखने वाली करीना ने 10 से 12 घंटे की लगातार मेहनत के दम पर यह सफलता अर्जित की है। नेट का रिजल्ट 4 सितंबर को घोषित हुआ था। करीना के पिता एक किसान हैं और करीना 4 बहनों में सबसे बड़ी हैं। जिसने अपनी शुरूआती पढ़ाई गांव में स्थित सीआर स्कूल से की। इसे बाद महारानी किशोरी बाई जाट कॉलेज, रोहतक से बीएससी और चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी सिरसा से माइक्रोबायोलॉजी में एमएससी में डिग्री हासिल की है। तैयारी के लिए टेस्ट से करती थी आकलन करीना ने बताया कि उनके पिता सोमवीर सिंह एक किसान हैं, जबकि उनकी मां पिंकी देवी गृहिणी हैं। परिवार खेतीबाड़ी और पशुपालन के जरिए गुजर-बसर करता है। उनके परिवार ने बचपन से ही उन्हें शिक्षा के लिए प्रोत्साहित किया। करीना ने कहा कि परिवार ने हर कदम पर उसका साथ दिया। जेआरएफ और नेट की तैयारी के लिए प्रतिदिन वह 12 घंटे पढ़ाई करती थी। वह नियमित रूप से रविवार को टेस्ट के जरिए अपनी तैयारी का आकलन करती थीं। माता पिता बोले- बेटी ने मान बढ़ाया स्कूल डायरेक्टर जयभगवान कादियान ने बताया कि दिन-रात की मेहनत और लगन के साथ उन्होंने इस परीक्षा में 178.5 अंक प्राप्त किए और देशभर में प्रथम स्थान हासिल किया। करीना हरियाणा की पहली बेटी हैं, जिन्होंने यह गौरव प्राप्त किया है। करीना की माता पिंकी देवी ने कहा कि भगवान ने बेटी के रूप में देवी का उपहार दिया है। बेटी ने वह कर दिखाया, जो बेटे नहीं कर सकते। पिता सोमवीर सिंह ने कहा बेटी परिवार का सबसे बड़ा धन है। करीना ने देशभर में प्रथम स्थान हासिल कर हमारा सीना गर्व से चौड़ा कर दिया है। वह न केवल हमारी, बल्कि पूरे देश और समाज की बेटी है। करीना ने अपनी सफलता का श्रेय अपने परिवार, शिक्षकों को दिया।
हरियाणा के झज्जर जिले के गांव माजरा की करीना कादियान ने सीएसआईआर-यूजीसी नेट परीक्षा में देशभर में पहला स्थान हासिल किया। किसान परिवार से संबंध रखने वाली करीना ने 10 से 12 घंटे की लगातार मेहनत के दम पर यह सफलता अर्जित की है। नेट का रिजल्ट 4 सितंबर को घोषित हुआ था। करीना के पिता एक किसान हैं और करीना 4 बहनों में सबसे बड़ी हैं। जिसने अपनी शुरूआती पढ़ाई गांव में स्थित सीआर स्कूल से की। इसे बाद महारानी किशोरी बाई जाट कॉलेज, रोहतक से बीएससी और चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी सिरसा से माइक्रोबायोलॉजी में एमएससी में डिग्री हासिल की है। तैयारी के लिए टेस्ट से करती थी आकलन करीना ने बताया कि उनके पिता सोमवीर सिंह एक किसान हैं, जबकि उनकी मां पिंकी देवी गृहिणी हैं। परिवार खेतीबाड़ी और पशुपालन के जरिए गुजर-बसर करता है। उनके परिवार ने बचपन से ही उन्हें शिक्षा के लिए प्रोत्साहित किया। करीना ने कहा कि परिवार ने हर कदम पर उसका साथ दिया। जेआरएफ और नेट की तैयारी के लिए प्रतिदिन वह 12 घंटे पढ़ाई करती थी। वह नियमित रूप से रविवार को टेस्ट के जरिए अपनी तैयारी का आकलन करती थीं। माता पिता बोले- बेटी ने मान बढ़ाया स्कूल डायरेक्टर जयभगवान कादियान ने बताया कि दिन-रात की मेहनत और लगन के साथ उन्होंने इस परीक्षा में 178.5 अंक प्राप्त किए और देशभर में प्रथम स्थान हासिल किया। करीना हरियाणा की पहली बेटी हैं, जिन्होंने यह गौरव प्राप्त किया है। करीना की माता पिंकी देवी ने कहा कि भगवान ने बेटी के रूप में देवी का उपहार दिया है। बेटी ने वह कर दिखाया, जो बेटे नहीं कर सकते। पिता सोमवीर सिंह ने कहा बेटी परिवार का सबसे बड़ा धन है। करीना ने देशभर में प्रथम स्थान हासिल कर हमारा सीना गर्व से चौड़ा कर दिया है। वह न केवल हमारी, बल्कि पूरे देश और समाज की बेटी है। करीना ने अपनी सफलता का श्रेय अपने परिवार, शिक्षकों को दिया।