देश के उपराष्ट्रपति चुनाव का बहिष्कार करने वालों की सूची में अब वारिस पंजाब दे भी शामिल हो गया है। शिरोमणि अकाली दल के बाद संगठन ने भी मतदान से दूरी बनाने का फैसला किया है। फरीदकोट से सांसद सरबजीत सिंह खालसा और खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह ने चुनाव में वोट न डालने की घोषणा की है। सरबजीत सिंह ने एक्स पर पोस्ट कर बताया कि फिलहाल उनकी प्राथमिकता बाढ़ पीड़ितों की मदद करना है, इसलिए वे मतदान में हिस्सा नहीं लेंगे। वहीं, खालिस्तान समर्थक सांसद अमृतपाल सिंह फिलहाल डिब्रूगढ़ जेल में बंद हैं। आठ दिन पहले दिए थे आदेश
करीब आठ दिन पहले निर्वाचन आयोग ने उन्हें उपराष्ट्रपति चुनाव में मतदान की अनुमति देने का आदेश दिया था। पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने गृह मंत्रालय और असम सरकार के मुख्य सचिव को मतदान की सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए थे। आयोग ने यह भी कहा था कि अमृतपाल सिंह द्वारा भरा गया डाक मतपत्र वाला सीलबंद लिफाफा डिब्रूगढ़ से विशेष दूत के माध्यम से हवाई मार्ग से भेजा जाए, ताकि यह 9 सितंबर 2025 को शाम 6 बजे से पहले निर्वाचन अधिकारी तक पहुंच सके। इस कार्य के लिए संबंधित अधिकारियों को तत्काल व्यवस्था करने और पूरी जानकारी आयोग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। मतदान हो चुका है शुरू
आज शाम तक देश को नए उप राष्ट्रपति मिल जाएंगे। संसद में चुनाव शुरू हो चुका है। एनडीए ने 68 वर्षीय सी.पी. राधाकृष्णन और इंडिया गठबंधन ने 79 वर्षीय बी. सुदर्शन रेड्डी को उम्मीदवार बनाया है। मतदान शाम 5 बजे तक होगा और मतगणना शाम 6 बजे से शुरू होगी। प्रधानमंत्री मोदी ने सबसे पहले मतदान किया है। इसके बाद वह बाढ़ प्रभावित इलाकों के दौरे पर निकल पड़े है। बीआरएस और बीजेडी ने चुनाव से दूरी बनाई है, जबकि अकाली दल ने पंजाब बाढ़ का हवाला देकर मतदान से इनकार किया है। एआईएमआईएम ने इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार का और वाईएसआरसीपी ने एनडीए उम्मीदवार का समर्थन किया है। नया उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की जगह लेगा, जिन्होंने स्वास्थ्य कारणों से इस्तीफा दिया था। आंकड़ों के मुताबिक एनडीए उम्मीदवार राधाकृष्णन की जीत लगभग तय मानी जा रही है, हालांकि गुप्त मतदान में क्रॉस वोटिंग समीकरण बदल सकती है।
देश के उपराष्ट्रपति चुनाव का बहिष्कार करने वालों की सूची में अब वारिस पंजाब दे भी शामिल हो गया है। शिरोमणि अकाली दल के बाद संगठन ने भी मतदान से दूरी बनाने का फैसला किया है। फरीदकोट से सांसद सरबजीत सिंह खालसा और खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह ने चुनाव में वोट न डालने की घोषणा की है। सरबजीत सिंह ने एक्स पर पोस्ट कर बताया कि फिलहाल उनकी प्राथमिकता बाढ़ पीड़ितों की मदद करना है, इसलिए वे मतदान में हिस्सा नहीं लेंगे। वहीं, खालिस्तान समर्थक सांसद अमृतपाल सिंह फिलहाल डिब्रूगढ़ जेल में बंद हैं। आठ दिन पहले दिए थे आदेश
करीब आठ दिन पहले निर्वाचन आयोग ने उन्हें उपराष्ट्रपति चुनाव में मतदान की अनुमति देने का आदेश दिया था। पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने गृह मंत्रालय और असम सरकार के मुख्य सचिव को मतदान की सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए थे। आयोग ने यह भी कहा था कि अमृतपाल सिंह द्वारा भरा गया डाक मतपत्र वाला सीलबंद लिफाफा डिब्रूगढ़ से विशेष दूत के माध्यम से हवाई मार्ग से भेजा जाए, ताकि यह 9 सितंबर 2025 को शाम 6 बजे से पहले निर्वाचन अधिकारी तक पहुंच सके। इस कार्य के लिए संबंधित अधिकारियों को तत्काल व्यवस्था करने और पूरी जानकारी आयोग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। मतदान हो चुका है शुरू
आज शाम तक देश को नए उप राष्ट्रपति मिल जाएंगे। संसद में चुनाव शुरू हो चुका है। एनडीए ने 68 वर्षीय सी.पी. राधाकृष्णन और इंडिया गठबंधन ने 79 वर्षीय बी. सुदर्शन रेड्डी को उम्मीदवार बनाया है। मतदान शाम 5 बजे तक होगा और मतगणना शाम 6 बजे से शुरू होगी। प्रधानमंत्री मोदी ने सबसे पहले मतदान किया है। इसके बाद वह बाढ़ प्रभावित इलाकों के दौरे पर निकल पड़े है। बीआरएस और बीजेडी ने चुनाव से दूरी बनाई है, जबकि अकाली दल ने पंजाब बाढ़ का हवाला देकर मतदान से इनकार किया है। एआईएमआईएम ने इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार का और वाईएसआरसीपी ने एनडीए उम्मीदवार का समर्थन किया है। नया उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की जगह लेगा, जिन्होंने स्वास्थ्य कारणों से इस्तीफा दिया था। आंकड़ों के मुताबिक एनडीए उम्मीदवार राधाकृष्णन की जीत लगभग तय मानी जा रही है, हालांकि गुप्त मतदान में क्रॉस वोटिंग समीकरण बदल सकती है।