लव जिहाद फंडिंग मामले में तीन माह से फरार आरोपी पार्षद अनवर कादरी शुक्रवार को जिला कोर्ट में पेश हुआ। वह दाढ़ी-मूंछ कटवाकर यहां पहुंचा। कादरी पुलिस की मौजूदगी में कोर्ट आया, तो लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। भीड़ ने उसकी ओर मारपीट के इरादे से बढ़ने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उसे चारों ओर से घेरकर कोर्ट कक्ष तक सुरक्षित पहुंचाया। अनवर कादरी पर 40,000 रुपए का इनाम घोषित था। बाणगंगा पुलिस ने कोर्ट से आठ दिन का रिमांड मांगा। रिमांड मिलने के बाद जैसे ही पुलिस उसे बाहर लाई तो फिर आपाधापी मची। लोग कादरी को पकड़ने के लिए दौड़ने लगे। पुलिस उसे भगाते हुए कोर्ट गेट के बाहर वाहन तक लाई और तुंरत गाड़ी में बिठाकर रवाना हो गई। 40 हजार रुपए का इनाम था
क्राइम ब्रांच के एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया ने बताया- अनवर कादरी आज कोर्ट में पेश हुआ है। वह दो प्रकरणों में वांटेड था। दुष्कर्म के ये मामले 11 जून को दर्ज किए गए थे, जिनमें मूल आरोपी पकड़े गए थे। इनमें कादरी को मुख्य आरोपी बनाया गया था। कुछ सबूत भी मिले थे, जिनके आधार पर उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। उस पर 40 हजार रुपए का इनाम था। कोर्ट ने उसे 8 सितंबर को पेश होने के निर्देश दिए गए थे। अब पुलिस रिमांड के दौरान उससे पूछताछ की जाएगी और घटना से संबंधित सबूत जुटाए जाएंगे। अनवर कादरी के इंदौर कोर्ट पहुंचने के बाद की तस्वीरें… लव जिहाद के आरोपियों ने लिया था कादरी का नाम
इंदौर के बाणगंगा थाना क्षेत्र में करीब दो माह पहले दो युवकों पर दो युवतियों के साथ रेप और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का मामला दर्ज किया गया है। जांच के दौरान सामने आए वीडियो में दोनों आरोपियों ने कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी का नाम लिया, जिस पर उन्हें लड़कियों को प्रेमजाल में फंसाने और निकाह के लिए पैसों का लालच देने का आरोप है। पुलिस को मिले वीडियो साक्ष्यों और आरोपियों के बयान के आधार पर पार्षद अनवर कादरी का नाम एफआईआर में जोड़ा गया है। बताया गया है कि उसने युवकों को एक लड़की को फंसाने के लिए एक लाख रुपए और निकाह कराने पर दो लाख रुपए देने की बात कही थी। आरोपी साहिल शेख और अल्ताफ ने सोशल मीडिया पर फर्जी हिंदू नामों से आईडी बनाकर युवतियों से संपर्क किया था। मोबाइल जांच में यह स्पष्ट हुआ कि वे ‘अर्जुन’ और ‘राज’ जैसे नामों का इस्तेमाल कर लड़कियों से दोस्ती करते और फिर उन्हें बहलाकर मुलाकात के लिए बुलाते थे। इसके बाद शादी और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जाता था। पेश होने से पहले जारी हुआ था शोकॉज नोटिस
अनवर को पार्षद पद से हटाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। महापौर परिषद की बैठक में इसके लिए प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी थी। नगर निगम कमिश्नर दीपक सिंह ने अनवर को शोकॉज नोटिस जारी कर 25 अगस्त तक अपना पक्ष रखने को कहा था। हालांकि, नोटिस की समय सीमा पूरी होने से पहले ही अनवर शुक्रवार को कोर्ट में पेश हो गया। पुलिस ने कादरी की बेटी को दिल्ली में पकड़ा था
28 जुलाई को पुलिस ने अनवर कादरी की तलाश में दिल्ली सहित कई स्थानों पर छापेमारी भी की थी। इसी मामले में उसकी बेटी आयशा को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया था। वह पिता अनवर कादरी के फरार होने के बाद उसके संपर्क में थी। आयशा को बाद में जमानत मिल गई थी। अनवर कादरी उर्फ डकैत के सबसे चर्चित आपराधिक मामले जानलेवा हमले पर 14 साल पहले काटी एक साल की सजा
2011 में कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी, उसके भाई और एक अन्य आरोपी को जानलेवा हमले के मामले में अदालत ने एक-एक साल के कारावास की सजा सुनाई थी। यह हमला 6 मई 2009 को इंदौर के आजादनगर चौराहे के पास अनवर हुसैन पर किया गया था। अनवर हुसैन आरोपियों पर चल रहे एक अन्य मामले में गवाह था। पुलिस ने कादरी समेत कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनके पास से पिस्टल, कट्टा, तलवार और चाकू बरामद किए गए थे। उज्जैन में डकैती का केस, इसी से मिला डकैत नाम
अनवर कादरी पर 1996 में उज्जैन के महाकाल थाने में डकैती का केस दर्ज किया गया था। इसके बाद उसे अनवर डकैत के नाम से पहचाना जाने लगा। अनवर ने इंदौर में भी मारपीट, घर में घुसकर धमकाने जैसी कई घटनाओं को अंजाम दिया। अनवर कांग्रेस से तीन बार पार्षद रह चुका है। उसकी पत्नी दो बार पार्षद रही है। प्रमोद टंडन के शहर कांग्रेस अध्यक्ष रहते हुए अनवर को शहर कांग्रेस का महामंत्री भी नियुक्त किया गया था। उसने एक बार निर्दलीय चुनाव भी लड़ा था। ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के नारे, जेल जाना पड़ा
28 अप्रैल 2025 को अनवर ने इंदौर के वार्ड 58 स्थित बड़वाली चौकी पर पहलगाम हमले के विरोध में पाकिस्तान और आतंकवाद का पुतला दहन किया था। कार्यक्रम के दौरान जैसे ही कादरी ने ‘पाकिस्तान’ शब्द बोला, वहां मौजूद उसके कुछ समर्थकों ने ‘जिंदाबाद’ के नारे लगा दिए। इस मौके पर बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाएं, पुरुष और बच्चे शामिल थे। घटना के वीडियो को लेकर बीजेपी विधायक गोलू शुक्ला ने एफआईआर दर्ज कराई थी। इस पर अनवर कादरी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।
लव जिहाद फंडिंग मामले में तीन माह से फरार आरोपी पार्षद अनवर कादरी शुक्रवार को जिला कोर्ट में पेश हुआ। वह दाढ़ी-मूंछ कटवाकर यहां पहुंचा। कादरी पुलिस की मौजूदगी में कोर्ट आया, तो लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। भीड़ ने उसकी ओर मारपीट के इरादे से बढ़ने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उसे चारों ओर से घेरकर कोर्ट कक्ष तक सुरक्षित पहुंचाया। अनवर कादरी पर 40,000 रुपए का इनाम घोषित था। बाणगंगा पुलिस ने कोर्ट से आठ दिन का रिमांड मांगा। रिमांड मिलने के बाद जैसे ही पुलिस उसे बाहर लाई तो फिर आपाधापी मची। लोग कादरी को पकड़ने के लिए दौड़ने लगे। पुलिस उसे भगाते हुए कोर्ट गेट के बाहर वाहन तक लाई और तुंरत गाड़ी में बिठाकर रवाना हो गई। 40 हजार रुपए का इनाम था
क्राइम ब्रांच के एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया ने बताया- अनवर कादरी आज कोर्ट में पेश हुआ है। वह दो प्रकरणों में वांटेड था। दुष्कर्म के ये मामले 11 जून को दर्ज किए गए थे, जिनमें मूल आरोपी पकड़े गए थे। इनमें कादरी को मुख्य आरोपी बनाया गया था। कुछ सबूत भी मिले थे, जिनके आधार पर उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। उस पर 40 हजार रुपए का इनाम था। कोर्ट ने उसे 8 सितंबर को पेश होने के निर्देश दिए गए थे। अब पुलिस रिमांड के दौरान उससे पूछताछ की जाएगी और घटना से संबंधित सबूत जुटाए जाएंगे। अनवर कादरी के इंदौर कोर्ट पहुंचने के बाद की तस्वीरें… लव जिहाद के आरोपियों ने लिया था कादरी का नाम
इंदौर के बाणगंगा थाना क्षेत्र में करीब दो माह पहले दो युवकों पर दो युवतियों के साथ रेप और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का मामला दर्ज किया गया है। जांच के दौरान सामने आए वीडियो में दोनों आरोपियों ने कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी का नाम लिया, जिस पर उन्हें लड़कियों को प्रेमजाल में फंसाने और निकाह के लिए पैसों का लालच देने का आरोप है। पुलिस को मिले वीडियो साक्ष्यों और आरोपियों के बयान के आधार पर पार्षद अनवर कादरी का नाम एफआईआर में जोड़ा गया है। बताया गया है कि उसने युवकों को एक लड़की को फंसाने के लिए एक लाख रुपए और निकाह कराने पर दो लाख रुपए देने की बात कही थी। आरोपी साहिल शेख और अल्ताफ ने सोशल मीडिया पर फर्जी हिंदू नामों से आईडी बनाकर युवतियों से संपर्क किया था। मोबाइल जांच में यह स्पष्ट हुआ कि वे ‘अर्जुन’ और ‘राज’ जैसे नामों का इस्तेमाल कर लड़कियों से दोस्ती करते और फिर उन्हें बहलाकर मुलाकात के लिए बुलाते थे। इसके बाद शादी और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जाता था। पेश होने से पहले जारी हुआ था शोकॉज नोटिस
अनवर को पार्षद पद से हटाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। महापौर परिषद की बैठक में इसके लिए प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी थी। नगर निगम कमिश्नर दीपक सिंह ने अनवर को शोकॉज नोटिस जारी कर 25 अगस्त तक अपना पक्ष रखने को कहा था। हालांकि, नोटिस की समय सीमा पूरी होने से पहले ही अनवर शुक्रवार को कोर्ट में पेश हो गया। पुलिस ने कादरी की बेटी को दिल्ली में पकड़ा था
28 जुलाई को पुलिस ने अनवर कादरी की तलाश में दिल्ली सहित कई स्थानों पर छापेमारी भी की थी। इसी मामले में उसकी बेटी आयशा को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया था। वह पिता अनवर कादरी के फरार होने के बाद उसके संपर्क में थी। आयशा को बाद में जमानत मिल गई थी। अनवर कादरी उर्फ डकैत के सबसे चर्चित आपराधिक मामले जानलेवा हमले पर 14 साल पहले काटी एक साल की सजा
2011 में कांग्रेस पार्षद अनवर कादरी, उसके भाई और एक अन्य आरोपी को जानलेवा हमले के मामले में अदालत ने एक-एक साल के कारावास की सजा सुनाई थी। यह हमला 6 मई 2009 को इंदौर के आजादनगर चौराहे के पास अनवर हुसैन पर किया गया था। अनवर हुसैन आरोपियों पर चल रहे एक अन्य मामले में गवाह था। पुलिस ने कादरी समेत कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनके पास से पिस्टल, कट्टा, तलवार और चाकू बरामद किए गए थे। उज्जैन में डकैती का केस, इसी से मिला डकैत नाम
अनवर कादरी पर 1996 में उज्जैन के महाकाल थाने में डकैती का केस दर्ज किया गया था। इसके बाद उसे अनवर डकैत के नाम से पहचाना जाने लगा। अनवर ने इंदौर में भी मारपीट, घर में घुसकर धमकाने जैसी कई घटनाओं को अंजाम दिया। अनवर कांग्रेस से तीन बार पार्षद रह चुका है। उसकी पत्नी दो बार पार्षद रही है। प्रमोद टंडन के शहर कांग्रेस अध्यक्ष रहते हुए अनवर को शहर कांग्रेस का महामंत्री भी नियुक्त किया गया था। उसने एक बार निर्दलीय चुनाव भी लड़ा था। ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के नारे, जेल जाना पड़ा
28 अप्रैल 2025 को अनवर ने इंदौर के वार्ड 58 स्थित बड़वाली चौकी पर पहलगाम हमले के विरोध में पाकिस्तान और आतंकवाद का पुतला दहन किया था। कार्यक्रम के दौरान जैसे ही कादरी ने ‘पाकिस्तान’ शब्द बोला, वहां मौजूद उसके कुछ समर्थकों ने ‘जिंदाबाद’ के नारे लगा दिए। इस मौके पर बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाएं, पुरुष और बच्चे शामिल थे। घटना के वीडियो को लेकर बीजेपी विधायक गोलू शुक्ला ने एफआईआर दर्ज कराई थी। इस पर अनवर कादरी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।