जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को पर्यटकों पर आतंकी हमले में अब तक 27 पर्यटक मारे गए और 20 से ज्यादा लोग घायल हैं। पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के यूनिट द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने हमले की जिम्मेदारी ली है। इंटेलिजेंस का दावा है कि TRF आतंकी सैफुल्लाह खालिद पहलगाम हमले का मास्टरमाइंड है। वह सैफुल्लाह कसूरी के नाम से भी जाना जाता है। सैफुल्लाह लश्कर-ए-तैयबा का डिप्टी चीफ है। उसे लश्कर के संस्थापक आतंकी हाफिज सईद का बेहद करीबी माना जाता है। सैफुल्लाह पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के रावलकोट का रहने वाला है। वहीं से जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी गतिविधियों को ऑपरेट कर रहा था। उसने मार्च में एक भाषण दिया था, जिसका वीडियो सामने आया है। इसमें वह सख्त लहजे में पाकिस्तान सरकार से कश्मीर मुद्दा शांत न पड़ने देने की बात कह रहा है। सैफुल्लाह का ये भाषण मार्च 2025 का बताया जा रहा है। हालांकि, इसकी तारीख और लोकेशन का पता नहीं है। सैफुल्लाह ने क्या कहा, पढ़िए- हमारे बदनसीब हुक्मरान आल्मी प्रेशर के शिकार हुए। मुझे याद है ये 2019 की बात है, जब इस्लामाबाद के पंजाब हाउस में मजलिस हो रही थी और उस दौर का वजीरे दाखिला शहरयार खान अफ्रीदी सामने बैठा था। उसके और फैजरा साज दर्जनों की तादाद में बैठे थे। हम सबकुछ कुर्बान करने के लिए तैयार हैं। लेकिन एक बात उनको जाकर बता देना कि अगर तुम हमारा किरदार माइनस करने की कोशिश करोगे तो कश्मीरी हौसला हार जाएंगे। उनकी तहरीक कमजोर हो जाएगी और फैजरासाजों को बताना है। ये अल्फाज आज भी मेरे कान में गूंज रहे हैं। अमीर-ए-मोहतरम ने कहा था कि अफ्रीदी साहब, फैजरासाजों को जाकर बताना है, जितना तुम कश्मीर काज को कमजोर करोगे, अपनी करतूतों से, अपने किरदार से, अपनी बदामालियों से, अपने पेट की आग जलाने से और दुनिया से सूदी कर्जों की लालच से, जितना तुम कश्मीर काज को कमजोर करोगे। दुश्मन बड़ा कमीना है। मशरिक और मगरिब में बैठा हुआ हमारा दुश्मन बड़ा कमीना है। वो तुम्हें चैन और सुकून नहीं लेने देगा। तुम कश्मीर को ठंडा करोगे, वो बलूचिस्तान को गर्म करेगा। वो खैबर पख्तूनख्वा को गर्म करेगा। वो तुम्हारी मस्जिदों को माफ नहीं करेगा। वो तुम्हारे मदरसों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारे बाजारों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारी दर्सगाहों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारे मुल्क को वो अज्म ए इस्तेहकाम से दो चार कर देगा। ये हुज्जत के तौर पर, दलील और बुरखान के तौर पर ये बात अपने फैजरासाजों को जाकर बता देना। आज 6 साल गुजर गए। बताओ लाहौर के वासियों, क्या ऐसा हुआ या नहीं हुआ। अब सैफुल्लाह की बातों का मतलब समझिए-
सैफुल्लाह ने अपने भाषण में जम्मू-कश्मीर से 2019 में आर्टिकल 370 हटाने के फैसले पर भारत के विरोध में बात की। उसने पाकिस्तान सरकार और तत्कालीन विदेश सचिव शहरयार खान से कहा कि आपने कश्मीरी लोगों के लिए कुछ नहीं किया है। हम उनके लिए सब कुर्बान करने के लिए तैयार हैं। भारत कश्मीर के लोगों पर जुल्म कर रही है। सैफुल्लाह ने कहा कि पाकिस्तान सरकार अपने लालच के लिए कश्मीर मुद्दे पर कमजोर पड़ गई है। भारत सरकार ने 6 साल पहले आर्टिकल 370 हटाया था, लेकिन आपने (पाकिस्तान सरकार) इंटरनेशनल फोरम पर कश्मीर की बात नहीं की। हमारा पाकिस्तान दुनिया के सामने झुक गया। आप कश्मीर को ठंडा करोगे और वह बलूचिस्तान को गर्म करेंगे। जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने के बाद बना TRF
साल 2019 में जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने के बाद द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) का गठन हुआ था। इसकी शुरुआत लश्कर की एक ऑनलाइन यूनिट के रूप में हुई थी, लेकिन तहरीक-ए-मिल्लत इस्लामिया और गजनवी हिंद जैसे मौजूदा संगठनों के साथ मिलकर यह बहुत जल्द ही एक पूर्ण आतंकी ग्रुप बन गया। गृह मंत्रालय ने जनवरी 2023 में गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत TRF को आतंकवादी संगठन घोषित किया गया था। 2024 में केंद्र सरकार ने संगठन पर बैन लगाया था। गृह मंत्रालय के अनुसार, TRF जम्मू-कश्मीर के सुरक्षाबलों और नागरिकों की हत्या की प्लानिंग, आतंकवादियों की भर्ती और घुसपैठ और सीमा पार से हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल रहा है। पहलगाम हमले के 4 संदिग्ध आतंकियों की तस्वीर वायरल
पहलगाम में मंगलवार दोपहर को TRF के आतंकियों ने उस वक्त हमला किया, जब बैसरन घाटी में बड़ी तादाद में पर्यटक मौजूद थे। मृतकों में UP, गुजरात, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और ओडिशा के लोग हैं। 27 मृतकों में नेपाल और UAE के एक-एक टूरिस्ट भी शामिल हैं। सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है। बताया जा रहा है कि यह पहलगाम में हमला करने वाले 4 आतंकवादियों की तस्वीर है। हालांकि, अभी सेना या सुरक्षा एजेंसियों की तरफ से तस्वीर नहीं जारी की गई है सिर्फ संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी किए गए हैं। जम्मू-कश्मीर में 14 फरवरी 2019 को हुए पुलवामा अटैक के बाद ये सबसे बड़ा हमला है। पुलवामा में CRPF के काफिले पर फिदायीन हमला हुआ था, इसमें 40 जवान शहीद हुए थे। इसकी जिम्मेदारी जैश-ए-मोहम्मद ने ली थी। पहलगाम आतंकी हमले की 2 तस्वीरें ……………………………………. पहलगाम आतंकी हमले से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… पहलगाम अटैक के संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी, सोशल मीडिया पर फोटो भी वायरल सुरक्षा और इंटेलिजेंस एजेंसियों ने पहलगाम अटैक के संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी किए हैं। इनके नाम आसिफ फौजी, सुलेमान शाह और अबु तल्हा बताए गए हैं। इंटेलिजेंस सूत्रों ने बताया कि इस हमले का मास्टर माइंड लश्कर-ए तैयबा का डिप्टी चीफ सैफुल्लाह खालिद है। पूरी खबर पढ़ें… लेफ्टिनेंट की 7 दिन पहले शादी हुई, हनीमून पर हत्या, आतंकी हमले में 7 मौतों की मार्मिक कहानी जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने हरियाणा के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल और कानपुर के शुभम को पत्नि के सामने गोली मार दी। दोनों की हाल ही में शादी हुई थी। वे हनीमून और घूमने के लिए पहलगाम आए थे। हमले में इंदौर के कारोबारी, रायपुर के स्टील कारोबारी, बिहार के IB अफसर और गुजरात के भी 3 लोग मारे गए। पूरी खबर पढ़ें…
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को पर्यटकों पर आतंकी हमले में अब तक 27 पर्यटक मारे गए और 20 से ज्यादा लोग घायल हैं। पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के यूनिट द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने हमले की जिम्मेदारी ली है। इंटेलिजेंस का दावा है कि TRF आतंकी सैफुल्लाह खालिद पहलगाम हमले का मास्टरमाइंड है। वह सैफुल्लाह कसूरी के नाम से भी जाना जाता है। सैफुल्लाह लश्कर-ए-तैयबा का डिप्टी चीफ है। उसे लश्कर के संस्थापक आतंकी हाफिज सईद का बेहद करीबी माना जाता है। सैफुल्लाह पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के रावलकोट का रहने वाला है। वहीं से जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी गतिविधियों को ऑपरेट कर रहा था। उसने मार्च में एक भाषण दिया था, जिसका वीडियो सामने आया है। इसमें वह सख्त लहजे में पाकिस्तान सरकार से कश्मीर मुद्दा शांत न पड़ने देने की बात कह रहा है। सैफुल्लाह का ये भाषण मार्च 2025 का बताया जा रहा है। हालांकि, इसकी तारीख और लोकेशन का पता नहीं है। सैफुल्लाह ने क्या कहा, पढ़िए- हमारे बदनसीब हुक्मरान आल्मी प्रेशर के शिकार हुए। मुझे याद है ये 2019 की बात है, जब इस्लामाबाद के पंजाब हाउस में मजलिस हो रही थी और उस दौर का वजीरे दाखिला शहरयार खान अफ्रीदी सामने बैठा था। उसके और फैजरा साज दर्जनों की तादाद में बैठे थे। हम सबकुछ कुर्बान करने के लिए तैयार हैं। लेकिन एक बात उनको जाकर बता देना कि अगर तुम हमारा किरदार माइनस करने की कोशिश करोगे तो कश्मीरी हौसला हार जाएंगे। उनकी तहरीक कमजोर हो जाएगी और फैजरासाजों को बताना है। ये अल्फाज आज भी मेरे कान में गूंज रहे हैं। अमीर-ए-मोहतरम ने कहा था कि अफ्रीदी साहब, फैजरासाजों को जाकर बताना है, जितना तुम कश्मीर काज को कमजोर करोगे, अपनी करतूतों से, अपने किरदार से, अपनी बदामालियों से, अपने पेट की आग जलाने से और दुनिया से सूदी कर्जों की लालच से, जितना तुम कश्मीर काज को कमजोर करोगे। दुश्मन बड़ा कमीना है। मशरिक और मगरिब में बैठा हुआ हमारा दुश्मन बड़ा कमीना है। वो तुम्हें चैन और सुकून नहीं लेने देगा। तुम कश्मीर को ठंडा करोगे, वो बलूचिस्तान को गर्म करेगा। वो खैबर पख्तूनख्वा को गर्म करेगा। वो तुम्हारी मस्जिदों को माफ नहीं करेगा। वो तुम्हारे मदरसों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारे बाजारों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारी दर्सगाहों को माफ नहीं करेगा। तुम्हारे मुल्क को वो अज्म ए इस्तेहकाम से दो चार कर देगा। ये हुज्जत के तौर पर, दलील और बुरखान के तौर पर ये बात अपने फैजरासाजों को जाकर बता देना। आज 6 साल गुजर गए। बताओ लाहौर के वासियों, क्या ऐसा हुआ या नहीं हुआ। अब सैफुल्लाह की बातों का मतलब समझिए-
सैफुल्लाह ने अपने भाषण में जम्मू-कश्मीर से 2019 में आर्टिकल 370 हटाने के फैसले पर भारत के विरोध में बात की। उसने पाकिस्तान सरकार और तत्कालीन विदेश सचिव शहरयार खान से कहा कि आपने कश्मीरी लोगों के लिए कुछ नहीं किया है। हम उनके लिए सब कुर्बान करने के लिए तैयार हैं। भारत कश्मीर के लोगों पर जुल्म कर रही है। सैफुल्लाह ने कहा कि पाकिस्तान सरकार अपने लालच के लिए कश्मीर मुद्दे पर कमजोर पड़ गई है। भारत सरकार ने 6 साल पहले आर्टिकल 370 हटाया था, लेकिन आपने (पाकिस्तान सरकार) इंटरनेशनल फोरम पर कश्मीर की बात नहीं की। हमारा पाकिस्तान दुनिया के सामने झुक गया। आप कश्मीर को ठंडा करोगे और वह बलूचिस्तान को गर्म करेंगे। जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने के बाद बना TRF
साल 2019 में जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटने के बाद द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) का गठन हुआ था। इसकी शुरुआत लश्कर की एक ऑनलाइन यूनिट के रूप में हुई थी, लेकिन तहरीक-ए-मिल्लत इस्लामिया और गजनवी हिंद जैसे मौजूदा संगठनों के साथ मिलकर यह बहुत जल्द ही एक पूर्ण आतंकी ग्रुप बन गया। गृह मंत्रालय ने जनवरी 2023 में गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत TRF को आतंकवादी संगठन घोषित किया गया था। 2024 में केंद्र सरकार ने संगठन पर बैन लगाया था। गृह मंत्रालय के अनुसार, TRF जम्मू-कश्मीर के सुरक्षाबलों और नागरिकों की हत्या की प्लानिंग, आतंकवादियों की भर्ती और घुसपैठ और सीमा पार से हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल रहा है। पहलगाम हमले के 4 संदिग्ध आतंकियों की तस्वीर वायरल
पहलगाम में मंगलवार दोपहर को TRF के आतंकियों ने उस वक्त हमला किया, जब बैसरन घाटी में बड़ी तादाद में पर्यटक मौजूद थे। मृतकों में UP, गुजरात, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और ओडिशा के लोग हैं। 27 मृतकों में नेपाल और UAE के एक-एक टूरिस्ट भी शामिल हैं। सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है। बताया जा रहा है कि यह पहलगाम में हमला करने वाले 4 आतंकवादियों की तस्वीर है। हालांकि, अभी सेना या सुरक्षा एजेंसियों की तरफ से तस्वीर नहीं जारी की गई है सिर्फ संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी किए गए हैं। जम्मू-कश्मीर में 14 फरवरी 2019 को हुए पुलवामा अटैक के बाद ये सबसे बड़ा हमला है। पुलवामा में CRPF के काफिले पर फिदायीन हमला हुआ था, इसमें 40 जवान शहीद हुए थे। इसकी जिम्मेदारी जैश-ए-मोहम्मद ने ली थी। पहलगाम आतंकी हमले की 2 तस्वीरें ……………………………………. पहलगाम आतंकी हमले से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… पहलगाम अटैक के संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी, सोशल मीडिया पर फोटो भी वायरल सुरक्षा और इंटेलिजेंस एजेंसियों ने पहलगाम अटैक के संदिग्ध आतंकियों के स्केच जारी किए हैं। इनके नाम आसिफ फौजी, सुलेमान शाह और अबु तल्हा बताए गए हैं। इंटेलिजेंस सूत्रों ने बताया कि इस हमले का मास्टर माइंड लश्कर-ए तैयबा का डिप्टी चीफ सैफुल्लाह खालिद है। पूरी खबर पढ़ें… लेफ्टिनेंट की 7 दिन पहले शादी हुई, हनीमून पर हत्या, आतंकी हमले में 7 मौतों की मार्मिक कहानी जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने हरियाणा के लेफ्टिनेंट विनय नरवाल और कानपुर के शुभम को पत्नि के सामने गोली मार दी। दोनों की हाल ही में शादी हुई थी। वे हनीमून और घूमने के लिए पहलगाम आए थे। हमले में इंदौर के कारोबारी, रायपुर के स्टील कारोबारी, बिहार के IB अफसर और गुजरात के भी 3 लोग मारे गए। पूरी खबर पढ़ें…