हरियाणा के शिक्षामंत्री महिपाल ढांडा के विधानसभा क्षेत्र में अमान्य स्कूलों की भरमार है। पानीपत जिले में शिक्षा विभाग की ओर से एक लिस्ट जारी की गई है, जिसके अनुसार जिलेभर में कुल 183 स्कूल फर्जी हैं। इनमें प्राइमरी और मिडिल कैटेगरी के स्कूल शामिल हैं। ये स्कूल सरकार की ओर से बनाए गए नियमों और शर्तों को पूरा नहीं करते। इसलिए, सरकार ने इन स्कूलों को अवैध बताया है। इस हिसाब से इनमें पढ़ने वाले बच्चों की पढ़ाई और उनके सर्टिफिकेट भी अवैध माने जाएंगे। इसलिए, शिक्षा विभाग ने लिस्ट जारी कर अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों का एडमिशन इन स्कूलों में न कराएं। अगर ये स्कूल विद्यार्थियों का दाखिला करते हैं तो इनके खिलाफ कार्रवाई होगी। मान्यता पांचवीं तक की, एडमिशन 8वीं तक कर रहे
यही नहीं जिले में कुछ स्कूल ऐसे भी है जिनके पास पांचवीं कक्षा तक की मान्यता है, लेकिन वे आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के दाखिले कर रहे हैं। इसके अलावा कई स्कूलों को 10वीं तक मान्यता मिली हुई है, लेकिन वे 12वीं तक के दाखिले कर रहे हैं। इन स्कूलों के खिलाफ भी विभाग कार्रवाई करेगा। इसे लेकर ब्लॉक स्तर पर शिक्षा विभाग ने टीमें गठित की हैं जो कि निगरानी रखेंगी। स्कॉलरशिप के नाम पर लुभा रहे स्कूल
बताया जा रहा है कि जिले के कई CBSE स्कूलों में दाखिले को लेकर कंपीटिशन चल रहा है। ये स्कूल विद्यार्थियों को आकर्षित करने के लिए स्कॉलरशिप का झांसा दे रहे हैं। इसके लिए बाकायदा टेस्ट करवाए जा रहे हैं। इनसे झांसे में आकर माता-पिता अपने बच्चों का एडमिशन भी करवा रहे हैं। शिक्षा विभाग ने ये आदेश जारी किए
शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश में कहा गया है- राज्य में अवैध गैर-मान्यता प्राप्त/अनधिकृत स्कूलों को विस्तार देने पर रोक लगाई गई है। जिला पानीपत में प्राइवेट स्कूल काफी समय से बिना मान्यता या बिना अनुमति के चल रहे हैं। लिस्ट में शामिल स्कूलों ने विभाग से मान्यता नहीं ली है। इसके कारण हर वर्ष इन स्कूलों में दाखिल बच्चों के माता-पिता की शिकायतें बढ़ती जा रही हैं। आदेश में कहा गया है कि जिन स्कूलों के पास मान्यता है वे स्थायी मान्यता की कॉपी स्कूल के गेट के बाहर अनिवार्य रूप से लगाएं। बाकी स्कूलों में माता-पिता अपने बच्चों को दाखिला न दिलाएं। यदि वे करवाते हैं तो नुकसान के स्वयं जिम्मेदार होंगे। शिक्षा विभाग की ओर से जारी फर्जी स्कूलों की लिस्ट…
हरियाणा के शिक्षामंत्री महिपाल ढांडा के विधानसभा क्षेत्र में अमान्य स्कूलों की भरमार है। पानीपत जिले में शिक्षा विभाग की ओर से एक लिस्ट जारी की गई है, जिसके अनुसार जिलेभर में कुल 183 स्कूल फर्जी हैं। इनमें प्राइमरी और मिडिल कैटेगरी के स्कूल शामिल हैं। ये स्कूल सरकार की ओर से बनाए गए नियमों और शर्तों को पूरा नहीं करते। इसलिए, सरकार ने इन स्कूलों को अवैध बताया है। इस हिसाब से इनमें पढ़ने वाले बच्चों की पढ़ाई और उनके सर्टिफिकेट भी अवैध माने जाएंगे। इसलिए, शिक्षा विभाग ने लिस्ट जारी कर अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों का एडमिशन इन स्कूलों में न कराएं। अगर ये स्कूल विद्यार्थियों का दाखिला करते हैं तो इनके खिलाफ कार्रवाई होगी। मान्यता पांचवीं तक की, एडमिशन 8वीं तक कर रहे
यही नहीं जिले में कुछ स्कूल ऐसे भी है जिनके पास पांचवीं कक्षा तक की मान्यता है, लेकिन वे आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के दाखिले कर रहे हैं। इसके अलावा कई स्कूलों को 10वीं तक मान्यता मिली हुई है, लेकिन वे 12वीं तक के दाखिले कर रहे हैं। इन स्कूलों के खिलाफ भी विभाग कार्रवाई करेगा। इसे लेकर ब्लॉक स्तर पर शिक्षा विभाग ने टीमें गठित की हैं जो कि निगरानी रखेंगी। स्कॉलरशिप के नाम पर लुभा रहे स्कूल
बताया जा रहा है कि जिले के कई CBSE स्कूलों में दाखिले को लेकर कंपीटिशन चल रहा है। ये स्कूल विद्यार्थियों को आकर्षित करने के लिए स्कॉलरशिप का झांसा दे रहे हैं। इसके लिए बाकायदा टेस्ट करवाए जा रहे हैं। इनसे झांसे में आकर माता-पिता अपने बच्चों का एडमिशन भी करवा रहे हैं। शिक्षा विभाग ने ये आदेश जारी किए
शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश में कहा गया है- राज्य में अवैध गैर-मान्यता प्राप्त/अनधिकृत स्कूलों को विस्तार देने पर रोक लगाई गई है। जिला पानीपत में प्राइवेट स्कूल काफी समय से बिना मान्यता या बिना अनुमति के चल रहे हैं। लिस्ट में शामिल स्कूलों ने विभाग से मान्यता नहीं ली है। इसके कारण हर वर्ष इन स्कूलों में दाखिल बच्चों के माता-पिता की शिकायतें बढ़ती जा रही हैं। आदेश में कहा गया है कि जिन स्कूलों के पास मान्यता है वे स्थायी मान्यता की कॉपी स्कूल के गेट के बाहर अनिवार्य रूप से लगाएं। बाकी स्कूलों में माता-पिता अपने बच्चों को दाखिला न दिलाएं। यदि वे करवाते हैं तो नुकसान के स्वयं जिम्मेदार होंगे। शिक्षा विभाग की ओर से जारी फर्जी स्कूलों की लिस्ट…